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मितानिन के घर मिला बम बनाने का सामान, महापौर को बम से उड़ाने की धमकी


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  /  राजधानी रायपुर के खमतराई थाना क्षेत्र स्थित रावाभाठा इलाके में उस समय हड़कंप मच गया, जब पुलिस ने एक घर से देसी बम बनाने का सामान बरामद किया। पुलिस ने मौके से विस्फोटक सामग्री, पिस्टल और संदिग्ध सामान जब्त किया है। मामले में बड़ा खुलासा तब हुआ जब पूछताछ में कांग्रेस नेता और बिरगांव महापौर नंदलाल देवांगन के साले का नाम सामने आया।

जानकारी के मुताबिक पुलिस को सूचना मिली थी कि रावाभाठा क्षेत्र के एक मकान में संदिग्ध सामग्री रखी गई है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मितानिन पुष्पा साहू के घर से बम बनाने का सामान बरामद किया। पूछताछ में पुष्पा साहू ने बताया कि विनय देवांगन नामक व्यक्ति ने उसके घर में बैग रखवाया था। महिला ने पुलिस को बताया कि विनय देवांगन जमीन कारोबारी है और उसी से उन्होंने जमीन खरीदी थी। बैग खोलने पर उसमें पिस्टल और विस्फोटक सामग्री मिली। 

मामले की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी नॉर्थ मयंक गुर्जर ने बिरगांव महापौर नंदलाल देवांगन से भी पूछताछ की। महापौर ने पुलिस को बताया कि विनय देवांगन उसका साला है, लेकिन पिछले करीब 20 वर्षों से दोनों के बीच कोई बातचीत नहीं हुई है। उन्होंने यह भी बताया कि विवाद के बाद विनय ने उन्हें बम से उड़ाने की धमकी दी थी।

पुलिस अब फरार आरोपी विनय देवांगन की तलाश में जुट गई है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं। फिलहाल पुलिस जब्त विस्फोटक सामग्री की जांच कर रही है और पूरे मामले की गंभीरता से पड़ताल जारी है। 


अरविंद अवस्थी सातवीं बार बने प्रदेश अध्यक्ष, पत्रकार हितों पर रहेगा फोकस


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ श्रमजीवी पत्रकार संघ की प्रदेश कार्यकारिणी का चुनाव राजधानी रायपुर में सर्वसम्मति से संपन्न हो गया। चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण माहौल में चुनाव अधिकारी राम साहू और राजकुमार यादव की देखरेख में पूरी कराई गई। चुनाव में अरविंद अवस्थी लगातार सातवीं बार प्रदेश अध्यक्ष पद पर निर्विरोध निर्वाचित हुए। उनके पुनः अध्यक्ष चुने जाने पर संगठन से जुड़े पत्रकारों ने खुशी जताई और इसे संगठन की मजबूती व एकजुटता का प्रतीक बताया।

नवगठित कार्यकारिणी में विश्वदीपक राई को फिर से प्रदेश महासचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं अनिल पवार को प्रदेश कोषाध्यक्ष तथा राजेश मिश्रा को प्रदेश संयोजक चुना गया।

प्रदेश उपाध्यक्ष पद पर हरबंस अरोरा, अब्बास अली, मनोज मिश्रा, मोहन तिवारी, भरत योगी और निर्मल सलूजा निर्वाचित हुए हैं।

प्रदेश सचिव के रूप में रेनू मिश्रा, छगन साहू, दिनेश मिश्रा, मोहन दास मानिकपुरी, विनोद शर्मा और रवि शुक्ला को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा सह सचिव पद पर भूपेंद्र धर दिवान, हरिश तिवारी और साखन दर्वे को नियुक्त किया गया है। संगठन ने मनोज मिश्रा को संगठन प्रभारी की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी सौंपी है।

नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने कहा कि पत्रकारों के हितों की रक्षा, उनके अधिकारों के लिए संघर्ष और संगठन को मजबूत बनाने की दिशा में नई कार्यकारिणी सक्रिय रूप से कार्य करेगी।






कोलकाता से दिल्ली जा रहे थे नोटों के बोरे, DRI ने पकड़ा


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  / राजधानी रायपुर स्थित हंस ट्रैवल्स कार्यालय में डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) की टीम ने छापामार कार्रवाई कर नोटों से भरे तीन बोरे जब्त किए हैं। कार्रवाई के बाद इलाके में सनसनी फैल गई।

जानकारी के अनुसार, डीआरआई को हंस ट्रैवल्स कार्यालय में संदिग्ध तरीके से बड़ी मात्रा में नकदी भेजे जाने की सूचना मिली थी। इसके बाद टीम ने रिंग रोड स्थित कार्यालय में दबिश दी। छापेमारी के दौरान 10, 20 और 50 रुपये के नोटों से भरे तीन बोरे बरामद किए गए। टीम ने नोटों को जब्त कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह रकम पश्चिम बंगाल के कोलकाता से दिल्ली भेजी जा रही थी। 

सूत्रों के मुताबिक, कोलकाता निवासी बिस्वाल नामक व्यक्ति द्वारा दिल्ली के कमल किशोर गुप्ता के पास यह रकम भेजी जा रही थी। इतनी बड़ी मात्रा में नकदी भेजने के पीछे क्या उद्देश्य था और इसका उपयोग कहां होना था, इसकी जांच डीआरआई कर रही है। जांच के दौरान नोटों पर आरबीआई की सील और मुहर भी मिली है। डीआरआई की टीम हंस ट्रैवल्स के कर्मचारियों से पूछताछ कर रही है और नोटों के स्रोत तथा ट्रांजेक्शन की कड़ियों को खंगाल रही है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और डीआरआई जल्द ही पूरे नेटवर्क का खुलासा कर सकती है। 

पत्नी मायके गई तो बौखलाया जीजा, दो सालियों को मारी गोली


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  / राजधानी रायपुर में पारिवारिक विवाद ने खौफनाक रूप ले लिया। पत्नी के मायके में रहने से नाराज जीजा ने अपनी दो सालियों पर लाइसेंसी पिस्टल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिससे दोनों की मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।

जानकारी के अनुसार, आरोपी जितेन्द्र कुमार वर्मा (32) पेशे से बाउंसर है। उसकी पत्नी ज्योति वर्मा पिछले कुछ दिनों से पारिवारिक विवाद के चलते मायके में रह रही थी। बुधवार रात आरोपी अपनी लाइसेंसी पिस्टल और मैगजीन लेकर ससुराल पहुंचा था।

बताया गया कि रात करीब 10:30 बजे आरोपी ने पत्नी और बच्ची से मिलने की बात कही। इस दौरान परिवार वालों ने सुबह आने की बात कही, जिससे वह गुस्से में आ गया। आरोप है कि उसने पिस्टल निकालकर पहले अपनी साली गीतांजली वर्मा पर फायरिंग कर दी। गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़ी। इसी दौरान दूसरी साली दुर्गेश्वरी वर्मा बाहर आई, जिस पर आरोपी ने गोली चला दी। दोनों बहनों को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था, लेकिन बाद में थाना पहुंचकर आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस ने उसके कब्जे से लाइसेंसी पिस्टल और जिंदा कारतूस जब्त किए हैं। पंडरी थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है। मामले की जांच जारी है।

‘गूगल बॉय’ रुद्र को लोक भवन में मिला सम्मान


रायपुर ।
 TODAY छत्तीसगढ़  /  राज्यपाल रमेन डेका से आज लोक भवन में जिला दुर्ग के 6 वर्षीय 'गूगल बॉय ' रुद्र शर्मा ने अपने पालकों के साथ मुलाकात की।अपनी अद्भुत स्मरण शक्ति से उसने हैरान कर दिया। राज्यपाल श्री डेका से मुलाकात के दौरान रुद्र ने सामान्य ज्ञान और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े सवालों के सटीक उत्तर देकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।

कक्षा पहली के छात्र रुद्र को यूपीएससी और पीएससी स्तर के प्रश्नों के उत्तर भी याद हैं। मुलाकात के दौरान राज्यपाल ने उससे छत्तीसगढ़ के गठन, राज्य की विशेषताओं और भारतीय संविधान से जुड़े प्रश्न पूछे, जिनका रुद्र ने बिना झिझक तुरंत सही जवाब दिया।

रुद्र की तेज स्मरण शक्ति और आत्मविश्वास से प्रभावित होकर राज्यपाल ने उसकी सराहना की। उन्होंने लोक भवन की ओर से रुद्र को प्रमाण पत्र प्रदान किया और उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर रुद्र के माता श्रीमती पायल शर्मा के साथ उसके नाना श्री विनोद शर्मा भी उपस्थित थे, जिन्होंने उसकी उपलब्धि पर खुशी जाहिर की।

साय कैबिनेट के बड़े फैसले: गैस नीति से लेकर खेल और राहत तक अहम निर्णय


रायपुर । 
TODAY छत्तीसगढ़  /  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्यहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगाई गई। बैठक में डिप्टी सीएम (गृह) विजय शर्मा अनुपस्थित रहे, जबकि डिप्टी सीएम अरुण साव ने मीडिया को निर्णयों की जानकारी दी।

सबसे अहम निर्णय के तहत मंत्रिपरिषद ने “छत्तीसगढ़ शहरी गैस वितरण नीति, 2026” को मंजूरी दी है। इस नीति के लागू होने से प्रदेश में स्वच्छ और किफायती प्राकृतिक गैस की उपलब्धता बढ़ेगी। पाइपलाइन के जरिए गैस आपूर्ति का विस्तार होने से शहरी क्षेत्रों में ईंधन की सुविधा और आसान होगी। इससे न केवल एलपीजी का सस्ता विकल्प मिलेगा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिलेगा।

इसके अलावा, खेल अधोसंरचना को बढ़ावा देने के लिए राजनांदगांव जिला क्रिकेट एसोसिएशन को आधुनिक क्रिकेट अकादमी और खेल मैदान निर्माण हेतु 5 एकड़ भूमि रियायती दर पर आबंटित करने का निर्णय लिया गया है।

मंत्रिपरिषद ने मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान मद से 6,809 व्यक्तियों और संस्थाओं को लगभग 11.98 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की स्वीकृति भी प्रदान की। यह सहायता जरूरतमंदों को त्वरित राहत और सामाजिक सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से दी जाएगी।

बैठक में एक अहम प्रशासनिक निर्णय लेते हुए वर्ष 1988 बैच के आईपीएस अधिकारियों संजय पिल्ले, आर.के. विज और मुकेश गुप्ता के संबंध में वर्ष 2019 में जारी पदावनति आदेश को निरस्त कर दिया गया। साथ ही उस समय लिए गए संबंधित निर्णय को भी अपास्त करते हुए पूर्व स्थिति बहाल करने का फैसला लिया गया।

सरकार का कहना है कि ये फैसले राज्य में सुविधा, विकास, पारदर्शिता और प्रशासनिक संतुलन को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होंगे।

सुपेला डबल मर्डर: प्रेम संबंध बना खूनी वारदात की वजह, पत्नी और बेटे की हत्या


दुर्ग। 
 TODAY छत्तीसगढ़  /  सुपेला क्षेत्र में हुए सनसनीखेज डबल मर्डर मामले में पुलिस जांच के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इस खौफनाक वारदात के पीछे प्रेम संबंध, पारिवारिक विवाद और जुनून की कहानी सामने आई है।

पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला सरोजनी भारद्वाज का एसटीएफ में पदस्थ कांस्टेबल ललितेश यादव के साथ प्रेम संबंध था, जो वर्ष 2023 में फेसबुक के माध्यम से शुरू हुआ था। समय के साथ दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं, जबकि कांस्टेबल पहले से शादीशुदा था। बताया जा रहा है कि सरोजनी, ललितेश यादव के साथ रहना चाहती थी, लेकिन कांस्टेबल इसके लिए तैयार नहीं था। इसी बात को लेकर अक्सर विवाद होता रहता था।

24 अप्रैल को भी आरोपी महिला कांस्टेबल के घर पहुंची थी, जहां उसकी पत्नी रीना यादव से जमकर विवाद हुआ। उस समय कांस्टेबल ने किसी तरह मामला शांत कर सरोजनी को वहां से भेज दिया। अगले दिन सुबह करीब 7:30 बजे, जब कांस्टेबल ललितेश यादव अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रेलवे स्टेशन गया हुआ था, तभी सरोजनी दोबारा उसके घर पहुंची। घर में अकेली मौजूद रीना यादव से फिर विवाद शुरू हुआ, जो देखते ही देखते हिंसक हो गया। गुस्से में आकर आरोपी महिला ने घर में रखे चाकू से रीना पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया।

इसके बाद उसने 12 वर्षीय बेटी नैना यादव और 8 वर्षीय पुत्र आदित्य यादव पर भी हमला किया। इस हमले में पत्नी रीना यादव की मौके पर ही मौत हो गई। 8 वर्षीय पुत्र आदित्य यादव ने भी दम तोड़ दिया और 12 वर्षीय बेटी नैना यादव गंभीर रूप से घायल है और अस्पताल में उपचार जारी है। घटना के दौरान घर में मौजूद तीसरे बच्चे ने पड़ोसी के घर भागकर अपनी जान बचाई और घटना की जानकारी दी।

घटना की सूचना मिलते ही पड़ोसी मौके पर पहुंचे और आरोपी महिला सरोजनी भारद्वाज को पकड़ लिया। इसके बाद सुपेला थाना पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी सरोजनी भारद्वाज को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। प्रेम संबंध, मानसिक स्थिति और घटना के पीछे की परिस्थितियों को लेकर विस्तृत पूछताछ जारी है। 

50 करोड़ की पैंगोलिन के साथ दो तस्कर गिरफ्तार, बड़ा वन्यजीव तस्करी मामला ?


रायपुर। 
TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ वन विभाग की टीम ने राजधानी रायपुर में बड़ी कार्रवाई करते हुए दुर्लभ वन्यजीव पैंगोलिन के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। जब्त पैंगोलिन का वजन करीब 20 किलोग्राम बताया जा रहा है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 50 करोड़ रुपये आंकी गई है।

वन विभाग को सूचना मिली थी कि भाठागांव क्षेत्र के पास रावांभाठा, वालफोर्ट सिटी के पीछे स्थित एक झुग्गी में दो संदिग्ध व्यक्ति ठहरे हुए हैं और उनके पास जिंदा पैंगोलिन है। सूचना के आधार पर टीम ने एक कर्मचारी को ग्राहक बनाकर मौके पर भेजा। 

कर्मचारी ने तस्करों से संपर्क कर पैंगोलिन दिखाने को कहा। आरोपियों ने जिंदा पैंगोलिन दिखाया और उसकी कीमत करोड़ों में बताई। सौदा तय होने के बाद कर्मचारी ने संकेत देकर बाहर इंतजार कर रही टीम को बुलाया। जैसे ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, आरोपी भागने की कोशिश करने लगे, लेकिन टीम ने पीछा कर दोनों को पकड़ लिया। उनके कब्जे से 20 किलो वजनी पैंगोलिन जब्त की गई।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्यारेलाल गोपचे (जिला बलाघाट, मध्यप्रदेश) और गोखन हलदार (भानुप्रतापपुर, कांकेर) के रूप में हुई है। वन विभाग के अनुसार, दोनों आरोपियों की पिछले एक सप्ताह से तलाश की जा रही थी। फिलहाल दोनों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है। 

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“रामसर साइट कोपरा पर संकट ? EIA रिपोर्ट में ‘गायब’ हो गए प्रवासी पक्षी !”


रायपुर। 
TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ की पहली रामसर साइट कोपरा जलाशय एक बार फिर विवादों के केंद्र में है। प्रस्तावित स्टील एवं पावर प्लांट परियोजना के लिए तैयार इनवायरमेंट इंपैक्ट एसेसमेंट (EIA) रिपोर्ट में कथित तौर पर भ्रामक जानकारी दिए जाने का मामला सामने आया है। इसको लेकर अधिवक्ता संदीप तिवारी एवं वाइल्डलाइफ फोटोजर्नलिस्ट सत्यप्रकाश पांडेय ने गंभीर आपत्ति दर्ज कराई है। इधर वेटलैंड अथॉरिटी ने बिलासपुर कलेक्टर को पत्र भेजकर दर्ज आपत्ति और शिकायतों की जांच करने कहा है।  

श्री तिवारी ने वेटलैंड अथॉरिटी को भेजे पत्र में उल्लेख किया है कि EIA रिपोर्ट में यह दावा किया गया है कि परियोजना स्थल के 10 किलोमीटर दायरे में किसी भी वन्यजीव का प्रवासी मार्ग नहीं है। जबकि वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम 1972 के अनुसार पक्षियों को भी वन्यजीव की श्रेणी में रखा गया है।

रामसर कन्वेंशन को दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार कोपरा जलाशय 161 प्रजातियों के पक्षियों का महत्वपूर्ण आवास है। इनमें 58 प्रवासी प्रजातियां शामिल हैं, जो सेंट्रल एशियन फ्लाईवे के माध्यम से हर वर्ष यहां पहुंचती हैं। इनमें पांच अत्यंत संकटग्रस्त प्रजातियां भी हैं।

Central Asian Flyway का एक अंतरराष्ट्रीय प्रवासी मार्ग है, जिसके जरिए पक्षी हर साल ठंड के मौसम में उत्तर (साइबेरिया/मध्य एशिया) से भारत जैसे देशों में आते हैं। यह मार्ग पक्षियों के लिए भोजन, विश्राम और जीवित रहने के लिए महत्वपूर्ण आर्द्रभूमियों (जैसे कोपरा जलाशय) पर निर्भर करता है। इसलिए इस मार्ग के किसी भी स्थल को नुकसान पहुंचाना प्रवासी पक्षियों और पूरे पारिस्थितिक तंत्र पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है।

श्री तिवारी का कहना है कि रिपोर्ट में सेंट्रल एशियन फ्लाईवे के महत्व को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया है। उन्होंने मांग की है कि भ्रामक एवं अपूर्ण जानकारी के आधार पर तैयार EIA रिपोर्ट को निरस्त किया जाए तथा एक स्वतंत्र एवं वैज्ञानिक अध्ययन कराया जाए, जिसमें परियोजना के समग्र पर्यावरणीय प्रभाव का आकलन हो।

वेटलैंड अथॉरिटी द्वारा मामले को कलेक्टर बिलासपुर को भेजे जाने पर भी आपत्ति जताई गई है। तिवारी का कहना है कि रामसर से संबंधित तकनीकी जानकारी वेटलैंड अथॉरिटी के पास उपलब्ध है, ऐसे में इसकी जांच भी उसी स्तर पर की जानी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि जिला प्रशासन इस प्रकार के जटिल पर्यावरणीय मुद्दे का तकनीकी परीक्षण कैसे कर पाएगा। 

इस पूरे प्रकरण ने एक बार फिर विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन को लेकर बहस तेज कर दी है। एक ओर औद्योगिक परियोजनाओं के माध्यम से आर्थिक विकास की बात कही जा रही है, वहीं दूसरी ओर जैव विविधता और पारिस्थितिकी तंत्र पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर चिंता व्यक्त की जा रही है। 

पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि रामसर साइट जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में किसी भी परियोजना को स्वीकृति देने से पहले अत्यंत सावधानी बरतना आवश्यक है। यदि प्रवासी पक्षियों के मार्ग और आवास प्रभावित होते हैं, तो इसका असर केवल स्थानीय नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी देखने को मिल सकता है।

कोपरा जलाशय का मामला केवल एक परियोजना का नहीं, बल्कि नीति और प्राथमिकताओं का सवाल है। यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संरक्षित वेटलैंड भी सटीक जानकारी और जिम्मेदारी के अभाव में खतरे में पड़ जाएं, तो यह बेहद चिंताजनक स्थिति है। आवश्यक है कि संबंधित एजेंसियां पारदर्शिता और वैज्ञानिक आधार पर निर्णय लें, ताकि विकास के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण भी सुनिश्चित हो सके।

तुंगल इको-टूरिज्म सेंटर बना बदलाव की मिसाल, आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ीं महिलाएं


रायपुर/सुकमा।
  TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में वन विभाग की एक पहल ने विकास और पुनर्वास की नई मिसाल पेश की है। वन मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन में विकसित तुंगल इको-पर्यटन केंद्र आज आत्मनिर्भरता और सामाजिक बदलाव का प्रतीक बनकर उभरा है।

सुकमा नगर से लगभग एक किलोमीटर दूर स्थित यह स्थान कभी उपेक्षित और जर्जर था, लेकिन अब यह एक आकर्षक पर्यटन केंद्र के रूप में पहचान बना चुका है। प्राकृतिक सौंदर्य, टापुओं का निर्माण और शांत वातावरण पर्यटकों को अपनी ओर खींच रहा है। पड़ोसी राज्य ओडिशा से भी बड़ी संख्या में पर्यटक यहां पहुंच रहे हैं।

इस केंद्र की सबसे खास पहल “तुंगल नेचर कैफे” है, जिसे ‘आत्मसमर्पण पुनर्वास महिला स्वयं सहायता समूह’ संचालित कर रहा है। समूह की 10 महिलाओं में 5 ने नक्सलवाद का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण किया है, जबकि अन्य महिलाएं नक्सल हिंसा से प्रभावित रही हैं। इन्हें विशेष प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया गया है। आज ये महिलाएं आत्मविश्वास के साथ पर्यटकों का स्वागत कर रही हैं और सम्मानजनक जीवन जी रही हैं। जो कभी भय और संघर्ष के माहौल में थीं, वे अब स्वाभिमान और आत्मनिर्भरता की मिसाल बन चुकी हैं।

पर्यटन केंद्र की लोकप्रियता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि 31 दिसंबर 2025 से 30 मार्च 2026 तक यहां 8,889 पर्यटक पहुंचे और लगभग 2.92 लाख रुपये की आय हुई। यहां आने वाले पर्यटक स्थानीय व्यंजनों का स्वाद लेने के साथ-साथ कयाकिंग, पैडल बोटिंग और बांस राफ्टिंग जैसी गतिविधियों का भी आनंद ले रहे हैं। यह पहल दर्शाती है कि सही दिशा और अवसर मिलने पर जीवन की दिशा बदली जा सकती है। तुंगल इको-पर्यटन केंद्र न केवल पर्यटन को बढ़ावा दे रहा है, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव की मजबूत नींव भी रख रहा है।

‘थ्री स्टम्प्स’ सट्टा सिंडिकेट का मास्टरमाइंड बाबू खेमानी मुंबई से गिरफ्तार

रायपुर। 
TODAY छत्तीसगढ़  /  ऑनलाइन सट्टा कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए रायपुर पुलिस ने ‘थ्री स्टम्प्स’ सट्टा सिंडिकेट के मास्टरमाइंड बाबू खेमानी को मुंबई से गिरफ्तार किया है। आरोपी को फ्लाइट के जरिए रायपुर लाया गया, जहां पुलिस ने पूरे मामले का खुलासा किया।

पुलिस के अनुसार, बाबू खेमानी छत्तीसगढ़ समेत चार राज्यों में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए क्रिकेट सट्टा और अन्य प्रकार के सट्टे का संचालन कर रहा था। उसके खिलाफ 13 अप्रैल को थाना गंज में मामला दर्ज किया गया था, जिसके बाद से वह फरार चल रहा था। 

🔹 ऐसे खुला नेटवर्क

13 अप्रैल को पुलिस को सूचना मिली थी कि रेलवे स्टेशन के पास एक चारपहिया वाहन में बैठकर आईपीएल पर ऑनलाइन सट्टा संचालित किया जा रहा है। मौके से एक आरोपी को पकड़ने के बाद पूछताछ में बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ। इसके बाद ओडिशा और महाराष्ट्र में छापेमारी कर 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।

🔹 मुंबई-गोवा में रेड, कई गिरफ्तार

मुख्य आरोपी बाबू खेमानी और उसका भाई करण खेमानी फरार थे। दोनों के मुंबई-गोवा में छिपे होने की जानकारी पर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की। मुंबई में रेड के दौरान बाबू खेमानी, रोहित सिंह और विशाल कश्यप को गिरफ्तार किया गया। उनके पास से लैपटॉप, बीएमडब्ल्यू कार और मोबाइल फोन जब्त किए गए। वहीं गोवा में संचालित ऑनलाइन पैनल पर कार्रवाई करते हुए 4 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। यहां से लैपटॉप, मोबाइल, राउटर, एटीएम कार्ड और सट्टा हिसाब-किताब से जुड़े दस्तावेज बरामद किए गए।

🔹 सोशल मीडिया से बनाया हाई प्रोफाइल नेटवर्क

पूछताछ में सामने आया कि बाबू खेमानी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर था और अपने फॉलोअर्स का इस्तेमाल कर हाई प्रोफाइल ग्राहकों को जोड़ता था। पहले मेट्रो, कलर 777 और क्लासिक एक्स-99 जैसे एप संचालित किए गए, जिन्हें बाद में बंद कर दिया गया। इसके बाद ‘3Stumps’ और ‘55 Exchange’ नाम से नए पैनल बनाकर पुराने ग्राहकों को जोड़ा गया और सट्टा संचालन जारी रखा गया।

🔹 देशभर में फैला नेटवर्क

जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह के अलग-अलग सदस्य अलग जिम्मेदारी संभालते थे कलेक्शन एजेंट के रूप में कमलेश देवांगन, आईडी वितरण का काम रोहित सिंह, बैंक खातों के जरिए लेन-देन का जिम्मा विशाल कश्यप के पास था। गिरोह देशभर से एजेंटों के माध्यम से बैंक खाते किराए पर लेकर लेन-देन करता था।

🔹 विदेश कनेक्शन की जांच

पुलिस के अनुसार, बाबू खेमानी दुबई और थाईलैंड की कई यात्राएं कर चुका है। उसके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की भी जांच की जा रही है। साथ ही सट्टे की रकम की वसूली से जुड़े पहलुओं पर भी पूछताछ जारी है। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि इस मामले में आगे और बड़े खुलासे हो सकते हैं।  

इस पुरे मामले में अब तक गिरफ्तार आरोपियों को एक नज़र में देखिये -


भीषण गर्मी: छत्तीसगढ़ में 20 अप्रैल से 15 जून तक स्कूल बंद


रायपुर/बिलासपुर । TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ में पड़ रही भीषण गर्मी और लू के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए सरकार और प्रशासन ने आमजन, खासकर बच्चों को राहत देने के लिए दो अहम फैसले लिए हैं। एक ओर स्कूलों की गर्मी की छुट्टियां समय से पहले लागू कर दी गई हैं, वहीं दूसरी ओर बिलासपुर में दोपहर के समय ट्रैफिक सिग्नल अस्थायी रूप से बंद रखने का निर्णय लिया गया है।

20 अप्रैल से लागू होंगी गर्मी की छुट्टियां 

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर स्कूल शिक्षा विभाग ने ग्रीष्मकालीन अवकाश की तिथि में संशोधन किया है। पहले जहां अवकाश 1 मई से 15 जून तक निर्धारित था, वहीं अब इसे 20 अप्रैल से 15 जून 2026 तक लागू किया गया है। स्कूल शिक्षा विभाग छत्तीसगढ़ द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह निर्णय शासकीय स्कूल, अनुदान प्राप्त स्कूल, गैर अनुदान प्राप्त स्कूल निजी (अशासकीय) स्कूल सभी पर समान रूप से लागू होगा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि भीषण गर्मी में बच्चों की सेहत सर्वोपरि है और इसी कारण यह निर्णय लिया गया है। 


राज्य में जल्द लागू होगा यूनिफाइड सिविल कोड, साय केबिनेट का अहम् फैसला


रायपुर ।
 TODAY छत्तीसगढ़  /   मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में केबिनेट की बैठक हुई। यह नए वित्त वर्ष की पहली बैठक थी। इसमें डिप्टी सीएम गृह विजय शर्मा, वित्त मंत्री ओपी चौधरी, महिला बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े अपरिहार्य कारणों से अनुपस्थित रहे। बैठक में लिए गए निर्णयों की जानकारी डिप्टी सीएम अरूण साव ने मीडिया को दी। 

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में केबिनेट की बैठक हुई। यह नए वित्त वर्ष की पहली बैठक थी। इसमें डिप्टी सीएम गृह विजय शर्मा, वित्त मंत्री ओपी चौधरी, महिला बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े अपरिहार्य कारणों से अनुपस्थित रहे। बैठक में लिए गए निर्णयों की जानकारी डिप्टी सीएम अरूण साव ने मीडिया को दी। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में यूनिफाइड सिविल कोड लागू किया जाएगा। इसके लिए कमेटी गठित की जाएगी।  


 1. मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ में Uniform Civil Code लागू करने के संबंध में Uniform Civil Code का प्रारूप तैयार करने के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में एक समिति का गठन करने का निर्णय लिया गया तथा समिति के सदस्यों के मनोनयन के लिए मुख्यमंत्री को अधिकृत किया गया।
छत्तीसगढ़ में वर्तमान में विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, दत्तक ग्रहण, भरण-पोषण एवं पारिवारिक मामलों से संबंधित विवादों में विभिन्न धर्मों के अनुसार अलग-अलग पर्सनल लॉ लागू हैं। भारतीय संविधान के अनुच्छेद 44 के तहत राज्य को सभी नागरिकों के लिए समान नागरिक संहिता लागू करने का निर्देश दिया गया है। अलग-अलग कानूनों के कारण वैधानिक प्रक्रिया में असमानता उत्पन्न होती है, जिससे न्याय प्रक्रिया जटिल होती है। ऐसे में कानून को सरल, एकरूप और न्यायसंगत बनाने के लिए Uniform Civil Code लागू करना आवश्यक माना जा रहा है, जिससे धार्मिक और लैंगिक समानता को भी बढ़ावा मिलेगा।
इसी दिशा में छत्तीसगढ़ में एक उच्चस्तरीय समिति गठित करने का निर्णय लिया गया है, जो राज्य के नागरिकों, संगठनों एवं विशेषज्ञों से व्यापक सुझाव लेकर Uniform Civil Code का प्रारूप तैयार करेगी। यह समिति वेब पोर्टल के माध्यम से फीडबैक भी आमंत्रित कर सकती है। समिति की सिफारिशों के आधार पर तैयार प्रारूप को विधिसम्मत प्रक्रिया के तहत मंत्रिपरिषद से अनुमोदन के बाद विधानसभा में प्रस्तुत किया जाएगा, जिससे राज्य में एक समान और पारदर्शी नागरिक कानून व्यवस्था स्थापित हो सके।

2. मंत्रिपरिषद ने महिलाओं के हित में महत्वपूर्ण निर्णय लिया है कि महिलाओं के नाम पर होने वाले भूमि रजिस्ट्रेशन पर लगने वाले शुल्क में 50 प्रतिशत की कमी की जाएगी। इसका उद्देश्य महिलाओं को संपत्ति अर्जन के लिए प्रोत्साहित करना और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इस निर्णय से सरकार को लगभग 153 करोड़ रुपये राजस्व की कमी होगी, लेकिन महिला सशक्तीकरण के लिए इसे महत्वपूर्ण कदम माना गया है।

3. मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के सेवारत सैनिकों, भूतपूर्व सैनिकों एवं उनकी विधवाओं के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया, जिसके तहत उन्हें जीवनकाल में एक बार छत्तीसगढ़ राज्य के भीतर 25 लाख रूपए तक की संपत्ति (भूमि/भवन) क्रय करने पर देय स्टाम्प शुल्क में 25 प्रतिशत की छूट प्रदान किया जाएगा। देश सेवा में समर्पित सैनिकों का जीवन प्रायः स्थानांतरण और अस्थायित्व से भरा होता है, जिसके बाद वे स्थायी निवास के लिए संपत्ति क्रय करते हैं, ऐसे में यह निर्णय उन्हें आर्थिक राहत प्रदान करेगा।

4. मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम, 2015 में संशोधन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। इस संशोधन से सेवा क्षेत्र को आबंटन हेतु स्पष्ट वैधानिक पात्रता मिलेगी। भूमि आवंटन प्रावधानों में न्यूनतम एवं अधिकतम सीमा का तार्किक सामंजस्य स्थापित होगा। लैंड बैंक भूखण्डों हेतु एप्रोच रोड का वैधानिक प्रावधान किया गया है। NBFC सहित वित्तीय संस्थाओं को सम्मिलित करने से उद्योगों के लिए ऋण उपलब्धता के विकल्प बढ़ेंगे। कंपनियों में शेयर धारिता परिवर्तन से संबंधित प्रावधानों में व्यावहारिक स्पष्टता आएगी और Ease of Doing Business सुनिश्चित होगा। PPP मॉडल के लिए स्पष्ट प्रावधान से निजी निवेश एवं औद्योगिक अवसंरचना विकास को प्रोत्साहन मिलेगा।

5. छत्तीसगढ़ गौण खनिज साधारण रेत (उत्खनन एवं व्यवसाय) नियम, 2025 में संशोधन का अनुमोदन किया गया। अब केन्द्र अथवा राज्य सरकार के सार्वजनिक उपक्रम जैसे छत्तीसगढ़ मिनरल डेवलपमेंट कॉर्पाेरेशन लिमिटेड को रेत खदानें आरक्षित की जा सकेगी। इससे पट्टेदार के एकाधिकार के फलस्वरूप उत्पन्न रेत की आपूर्ति-संकट में कमी आएगी तथा दुर्गम क्षेत्रों में रेत खदानों के सुगम संचालन सहित रेत की सुगम उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी। 

6. मंत्रिपरिषद् की बैठक में छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम, 2015 में व्यापक संशोधन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। इस संशोधन का उद्देश्य खनन क्षेत्र में पारदर्शिता, नियंत्रण और राजस्व वृद्धि सुनिश्चित करना है, अवैध खनन को रोकना तथा प्रक्रिया का सरलीकरण करना है।

गौण खनिज की ऐसी खदाने जो अकारण बंद रहती है अथवा शिथिल रहती है, में कठोर प्रावधान लाया गया है। अब इन खदानों के अनिवार्य भाटक दर में 30 वर्षाें के बाद वृद्धि की गई है। इन खदानों को व्यपगत (लैप्स) घोषित किए जाने संबंधी कठोर प्रावधानों को नियमों में शामिल किया गया है, जिसके फलस्वरूप ऐसी खदानों का संचालन अनिवार्य रूप से किये जाने की बाध्यता सुनिश्चित हो सकेगी। खनिजों के अवैध उत्खनन/परिवहन/भंडारण पर कठोर दंड का प्रावधान किया गया है, जिसमें न्यूनतम जुर्माना 25 हजार रूपए निर्धारित किया गया है, जो कि 5 लाख रूपए तक भी हो सकता है। अवैध परिवहन के मामलों में सुपुर्दगी दिए जाने हेतु जमानत राशि का भी निर्धारण किया गया है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत रॉयल्टी चुकता प्रमाण पत्र संबंधी प्रावधान को पूरे प्रदेश में एकसमान लागू किया जा रहा है।

इसके अतिरिक्त उत्खनन पट्टों के समामेलन, अनुबंध पश्चात भू-प्रवेश एवं पर्यावरणीय शर्तों के अनुरूप संचालन जैसे प्रावधानों को भी सुदृढ़ किया गया है, जिससे खनिज संसाधनों के सुव्यवस्थित दोहन और राज्य के आर्थिक सुदृढ़ीकरण को बल मिलेगा।

7. मंत्रिपरिषद द्वारा दुधारू पशु प्रदाय संबंधी पायलट प्रोजेक्ट योजना में समस्त सामाजिक वर्ग के हितग्राहियों को लाभान्वित किए जाने संबंधी संशोधन तथा एनडीडीबी के साथ निष्पादित एमओयू की संबंधित कंडिका में संशोधन का अनुमोदन किया गया। इससे अनुसूचित जनजाति वर्ग सहित सभी सामाजिक वर्ग के हितग्राहियों को लाभान्वित किया जा सकेगा जिससे उनके स्वरोजगार और आय में वृद्धि होगी तथा प्रदेश के सर्वांगीण, सामाजिक एवं आर्थिक विकास में सहयोग प्राप्त हो सकेगा।

8. मंत्रिपरिषद द्वारा राज्य में पशुओं को संक्रामक रोगों से बचाने हेतु आवश्यक टीकाद्रव्यों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए National Dairy Development Board (NDDB) की सब्सिडरी कंपनी Indian Immunologicals Limited, हैदराबाद से टीकों की खरीदी किए जाने की अनुमति प्रदान की गई है। निविदा प्रक्रिया में पर्याप्त प्रतिस्पर्धा न बन पाने एवं जेम पोर्टल पर दर उपलब्ध न होने के कारण टीकों की समय पर आपूर्ति में बाधा आ रही थी, जिससे पशुओं का नियमित टीकाकरण प्रभावित हो रहा था। निर्णय के अनुसार वित्तीय वर्ष 2026-27 में जनवरी 2027 तक आवश्यक टीकाद्रव्यों का क्रय उक्त एजेंसी से किया जाएगा, जिससे पशुओं में रोगों की रोकथाम, मृत्यु दर में कमी, पशुपालकों को आर्थिक सुरक्षा तथा दुग्ध, अंडा एवं मांस उत्पादन में वृद्धि सुनिश्चित हो सकेगी।

9. मंत्रिपरिषद की बैठक में एक महत्वपूर्ण वित्तीय प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की गई, जिसके तहत मध्यप्रदेश राज्य पुनर्गठन अधिनियम 2000 के प्रावधानों के अनुरूप छत्तीसगढ़ एवं मध्यप्रदेश के बीच पेंशन दायित्वों के प्रभाजन के संदर्भ में छत्तीसगढ़ शासन द्वारा पूर्व वर्षों में किए गए 10,536 करोड़ रूपए के आधिक्य पेंशन भुगतान की राशि की वापसी पर सहमति दी गई। बैंकों द्वारा पूर्व में हुए त्रुटिपूर्ण लेखांकन के कारण यह अतिरिक्त भुगतान हुआ था, जिसका पुनर्मिलान एवं सत्यापन संयुक्त दल द्वारा किया गया है। प्रस्ताव के अनुसार, मध्यप्रदेश शासन द्वारा 2,000 करोड़ रूपए की राशि वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रदान की जा चुकी है तथा शेष 8,536 करोड़ रूपए की राशि आगामी 6 वार्षिक किश्तों में दी जाएगी। मंत्रिपरिषद ने इस व्यवस्था को स्वीकार करते हुए वित्त विभाग को आवश्यक कार्यवाही हेतु अधिकृत किया है। इसके अतिरिक्त मंत्रिपरिषद की बैठक में आगामी खरीफ सीजन हेतु उर्वरक की व्यवस्था तथा राज्य में LPG गैस की उपलब्धता की स्थिति की समीक्षा की गई।


“हुक्का बार फिर सक्रिय”, कांग्रेस का आरोप—राज्य में बढ़ी नशाखोरी


रायपुर। 
 TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ में नशाखोरी और हुक्का बारों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इस मुद्दे पर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कानून-व्यवस्था और नशा नियंत्रण को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो जमकर वायरल हो रहा है। वीडियो एक फार्महाउस का बताया जा रहा है। वीडियो में युवक-युवतियां बॉलीवुड के गाने पर हुक्का पार्टी करते हुए रील बनाते नजर आ रहे हैं। वीडियो को इंडियन नेशनल कांग्रेस छत्तीसगढ़ ने अपने सोशल मीडिया पर शेयर किया है। 

कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि राज्य में नशाखोरी खुलेआम बढ़ रही है और इसके बावजूद सरकार ठोस कार्रवाई करने के बजाय केवल दिखावटी कदम उठा रही है। कांग्रेस ने यह भी कहा कि रायपुर में कमिश्नरी प्रणाली लागू करने की बात कही जा रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर नशे के खिलाफ प्रभावी नियंत्रण नजर नहीं आ रहा।

“भाजपा शासन में फिर बढ़े हुक्का बार”

कांग्रेस ने आरोप लगाया कि उनके कार्यकाल में राज्य से हुक्का बारों को खत्म कर दिया गया था, लेकिन वर्तमान में भाजपा सरकार के दौरान ये फिर से सक्रिय हो गए हैं। उनका कहना है कि हुक्का और नशे के अड्डे तेजी से बढ़ रहे हैं और इन पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही।

“युवाओं को नशे की ओर धकेला जा रहा”

कांग्रेस का आरोप है कि राज्य की युवा पीढ़ी नशे की गिरफ्त में आ रही है और सरकार इस गंभीर समस्या पर नियंत्रण करने में विफल साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो इसके दूरगामी सामाजिक परिणाम सामने आ सकते हैं।

 सरकार की ओर से संभावित रुख

हालांकि इस मामले में भाजपा सरकार की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है, लेकिन पूर्व में सरकार द्वारा नशे के खिलाफ अभियान चलाने और अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई करने के दावे किए जाते रहे हैं। नशाखोरी जैसे संवेदनशील मुद्दे पर शुरू हुई यह बयानबाजी आने वाले समय में और तेज हो सकती है। यह मुद्दा राजनीतिक बहस का केंद्र बनता नजर आ रहा है, जिसमें दोनों दल एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। 


1 करोड़ किलो वाला ‘ओशिएन ग्रोथ’ गांजा जब्त, आरोपी गिरफ्तार


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  /   राजधानी में पुलिस ने महंगे नशीले पदार्थ ‘ओशिएन ग्रोथ’ गांजे की सप्लाई करने वाले एक अंतर्राज्यीय आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस गांजे की कीमत करीब एक करोड़ रुपये प्रति किलो बताई जा रही है और यह हाईप्रोफाइल ग्राहकों की डिमांड पर सप्लाई किया जाता था।

सिविल लाइन थाना क्षेत्र में पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी रितिक पसरिचा (26) को कटोरा तालाब इलाके से गिरफ्तार किया। आरोपी दिल्ली का निवासी है और रायपुर के शंकर नगर में किराए के मकान में रहकर ड्रग्स की सप्लाई कर रहा था।

पुलिस के अनुसार, आरोपी एक ग्राहक को गांजा देने पहुंचा था, तभी टीम ने रेड कार्रवाई कर उसे मौके से पकड़ लिया। उसके कब्जे से 114 ग्राम ‘ओशिएन ग्रोथ’ गांजा बरामद किया गया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी दिल्ली से कुरियर के माध्यम से इस महंगे गांजे को रायपुर मंगवाता था और फिर चुनिंदा ग्राहकों को सप्लाई करता था। पुलिस को आशंका है कि इस नेटवर्क से शहर के हाईप्रोफाइल ग्राहक जुड़े हो सकते हैं। आरोपी से पूछताछ के आधार पर नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है। 


कला हमेशा से अभिव्यक्ति, प्रतिबिंब और परिवर्तन का एक शक्तिशाली माध्यम रही- गुरु खुशवंत साहेब

 


रायपुर। 
 TODAY छत्तीसगढ़  / गौरा में आपका स्वागत है। यह  प्रदर्शनी आने वाले सभी लोगों के लिए खुशी, प्रेरणा और चिंतन का स्रोत बने। छत्तीसगढ़ प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट ग्रुप (CGPAG) द्वारा आयोजित तीसरी दृश्य कला प्रदर्शनी ‘गौरा’ का आयोजन 10 अप्रैल से 12 अप्रैल तक महंत घासीदास संग्रहालय, राजभवन के निकट स्थित आर्ट गैलरी, रायपुर में किया गया । यह प्रतिष्ठित प्रदर्शनी देशभर के 100 प्रसिद्ध कलाकारों की कलाकृतियों को एक मंच पर प्रस्तुत किया । इस अवसर पर चार विशिष्ट अतिथि कलाकारों की सहभागिता भी रही ।

इस प्रदर्शनी का उद्घाटन 10 अप्रैल को मुख्य अतिथि श्री गुरु खुशवंत,तकनीकी शिक्षा मंत्री, छत्तीसगढ़ शासन व विशिष्ट अतिथि के तौर पर डॉ. चित्तरंजन कर ,लेखक रायपुर और वेद प्रकाश भारद्वाज,दृश्य कलाकार, कला लेखक, क्यूरेटर और संपादक, नई दिल्ली के करकमलों द्वारा किया जाएगा, जो इस अवसर को गौरवान्वित करेंगे। उद्घाटन के पश्चात प्रदर्शनी  दर्शकों के लिए खुली रही।‘गौरा’ प्रदर्शनी समकालीन भारतीय कला की विविधता, सृजनात्मकता और अभिव्यक्ति का उत्सव है। यह कला प्रेमियों, विद्यार्थियों और आम दर्शकों को देश के विभिन्न हिस्सों से आए कलाकारों की कृतियों को देखने और समझने का अनूठा अवसर प्रदान करेगी।

श्री गुरु खुशवंत,तकनीकी शिक्षा मंत्री, छत्तीसगढ़ शासन ने कहा कि मुझे बेहद खुशी और गर्व है कि मैं छत्तीसगढ़ की जीवंत और विविध कलात्मक भावना के उत्सव, सीजीपीएजी की उद्घाटन प्रदर्शनी ‘गौरा’ में आपका स्वागत करता हूँ। यह प्रदर्शनी एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है क्योंकि इसमें हमारे क्षेत्र के 100 प्रगतिशील कलाकार एक साथ आ रहे हैं, जिनमें से प्रत्येक ने हमारे सांस्कृतिक परिदृश्य के कैनवास पर अपनी अनूठी दृष्टि और रचनात्मकता का योगदान दिया है। 

यह कलाकार और दर्शक के बीच एक वार्तालाप है

डॉ. ध्रुव तिवारी -क्यूरेटर, छत्तीसगढ़ प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट ग्रुप (CGPAG),रायपुर ने कहा कि कला हमेशा से अभिव्यक्ति, प्रतिबिंब और परिवर्तन का एक शक्तिशाली माध्यम रही है। गौरा के माध्यम से हमारा उद्देश्य छत्तीसगढ़ में मौजूद कलात्मक प्रतिभा के समृद्ध ताने-बाने को प्रदर्शित करना है, जो हमारे कलाकारों को अपनी कहानियों, सपनों और दृष्टिकोणों को दुनिया के साथ साझा करने के लिए एक मंच प्रदान करता है। यह प्रदर्शनी केवल कलाकृतियों का प्रदर्शन नहीं है। यह एक संवाद है, कलाकार और दर्शक के बीच एक वार्तालाप है, जो आपको व्यक्तिगत स्तर पर कलाकृतियों का पता लगाने, व्याख्या करने और उनसे जुड़ने के लिए आमंत्रित करता है।

यहाँ प्रस्तुत कृतियाँ कलाकारों के लचीलेपन, नवाचार और जुनून का प्रमाण है

घासीदास म्युजियम कला वीथिका रायपुर में (CGPAG) की संगठनात्मक संरचना में डॉ. ध्रुव तिवारी -क्यूरेटर, जितेन साहू को- ऑर्डिनेटर,शांति तिर्की एसोसिएट को-ऑर्डिनेटर तथा अनिल खोबरागड़े, कोषाध्यक्ष के रूप में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। यहाँ प्रस्तुत कृतियाँ हमारे कलाकारों के लचीलेपन, नवाचार और जुनून का प्रमाण हैं।  वे हमारे समय के सार को पकड़ते हैं, उन विषयों को संबोधित करते हैं जो हमारी सामूहिक चेतना-पहचान, विरासत, पर्यावरण और मानवीय अनुभव के साथ प्रतिध्वनित होते हैं। प्रत्येक कृति अपने निर्माता की आत्मा में एक खिड़की है, जो शब्दों से परे अंतर्दृष्टि और भावनाएँ प्रदान करती है।

यह कला के लिए जिज्ञासा और प्रशंसा की चिंगारी को प्रज्वलित करेगी

डॉ. ध्रुव तिवारी ने बताया कि जब आप ‘गौरा’ में आगे बढ़ते हैं, तो मैं आपको कलाकृतियों से न केवल दृष्टिगत रूप से बल्कि भावनात्मक रूप से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित करता हूँ। उन्हें आपसे बात करने दें, आपको चुनौती दें और आपको प्रेरित करें। कला में परिवर्तन लाने, विचार को उकसाने और समझ को बढ़ावा देने की शक्ति है। मुझे उम्मीद है कि यह प्रदर्शनी आप में से प्रत्येक के भीतर कला के लिए जिज्ञासा और प्रशंसा की चिंगारी को प्रज्वलित करेगी, जो हमारी सांस्कृतिक विरासत और हमें परिभाषित करने वाली रचनात्मक भावना से गहरा संबंध बनाएगी। डॉ. ध्रुव तिवारीने कहा कि मैं उन सभी कलाकारों के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करता हूँ जिन्होंने इस प्रदर्शनी में अपने कामों का योगदान दिया है, साथ ही आयोजकों, प्रायोजकों और समर्थकों के प्रति भी जिन्होंने ‘गौरा’ को संभव बनाया है। कला के इस उत्सव के पीछे आपकी लगन और जुनून प्रेरक शक्तियाँ हैं।

(CGPAG) के बारे में

छत्तीसगढ़ प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट ग्रुप (CGPAG) एक सक्रिय कला मंच है, जो कलाकारों को एकजुट कर समकालीन कला को प्रोत्साहित करने का कार्य कर रहा है। (CGPAG) की प्रथम प्रदर्शनी ‘सोहाई’ का आयोजन 12 से 14 अप्रैल 2025 तक महंत घासीदास संग्रहालय, रायपुर में आयोजित की गई थी।

फर्जी डॉक्टर बनकर करोड़ों की बैंक ठगी की साजिश नाकाम, आरोपी गिरफ्तार


रायपुर। 
TODAY छत्तीसगढ़  /  राजधानी में पुलिस ने समय रहते एक बड़े अंतरराज्यीय बैंक ठगी गिरोह की साजिश को विफल कर दिया। कबीर नगर थाना पुलिस ने ओडिशा के कटक निवासी श्रीधर राउत (32) को गिरफ्तार किया है, जो पिछले सात महीनों से फर्जी पहचान के साथ शहर में रह रहा था।

पुलिस के अनुसार, आरोपी खुद को एम्स का डॉक्टर बताकर बैंक अधिकारियों और आम लोगों का विश्वास जीतने की कोशिश कर रहा था। उसकी योजना फर्जी दस्तावेजों के जरिए करोड़ों रुपये के बैंक ऋण हासिल कर फरार होने की थी। जांच में सामने आया कि आरोपी अलग-अलग नाम—आदित्य मिश्रा, आदित्य अग्निहोत्री और डॉ. सिद्धार्थ—का इस्तेमाल कर अपनी पहचान छिपा रहा था। वह प्रतिष्ठित संस्थान से जुड़ा होने का दावा कर लोगों को भ्रमित करता था। 

पुलिस के मुताबिक आरोपी जमीन सौदों के नाम पर बैंक लोन लेने, लग्जरी वाहन के लिए ऋण हासिल करने, रकम लेकर फरार होने की मंशा बनाकर लोगों को झांसा देकर पैसा ऐंठने की योजना बना चुका था। बताया गया कि वह पहले भी मेडिकल छात्रों को वीजा दिलाने का झांसा देकर उनके पासपोर्ट हड़प चुका है। खास बात यह रही कि अब तक कोई शिकायत दर्ज नहीं हुई थी, इसके बावजूद पुलिस ने खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इससे करोड़ों रुपये की संभावित ठगी टल गई। पुलिस ने आरोपी के पास से नकली आधार और पैन कार्ड, फर्जी सिम कार्ड, अलग-अलग नामों के बैंक दस्तावेज, पासपोर्ट, जाली शैक्षणिक प्रमाण पत्र और प्रतिष्ठित संस्थानों के फर्जी आईडी बरामद किए हैं। 

नागरिकों से अपील

पुलिस ने लोगों और बैंक प्रबंधन से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति की पहचान का स्वतंत्र सत्यापन करें, किरायेदार व कर्मचारियों का पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य रूप से कराएं और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत दें।

फांसी की मांग: पांच साल की बच्ची से रेप, आरोपी गिरफ्तार


दुर्ग। 
 TODAY छत्तीसगढ़  / जिले के उतई थाना क्षेत्र में पांच साल की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में आरोपी धनेश्वर साहू (35) को गिरफ्तार कर लिया है। घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। पुलिस के अनुसार, शुक्रवार दोपहर बच्ची स्कूल से घर लौटने के बाद पास की दुकान में चॉकलेट लेने गई थी। इसी दौरान आरोपी उसे बहला-फुसलाकर अपने घर ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया।  

जब बच्ची काफी देर तक घर नहीं पहुंची तो परिजनों ने तलाश शुरू की। करीब दो घंटे बाद ग्रामीणों को एक कुएं के पास संदिग्ध बोरा दिखाई दिया। बोरा खोलने पर उसमें बच्ची मिली, जिसका मुंह कपड़े से बंधा हुआ था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और बच्ची को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। मेडिकल जांच में दुष्कर्म की पुष्टि हुई है। बच्ची फिलहाल डरी हुई है और उसका इलाज जारी है। 

पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण थाने के पास पहुंचे और आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की। पुलिस ने लोगों को समझाइश देकर शांत कराया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने का प्रयास किया जाएगा, ताकि पीड़िता को जल्द न्याय मिल सके। 

राह रोककर लूटपाट, दो आरोपी व तीन बालक पकड़े गए


रायपुर।
  TODAY छत्तीसगढ़  / मुजगहन थाना क्षेत्र में सेजबहार के पास देर रात हुई लूट और मारपीट की घटना का पुलिस ने खुलासा करते हुए दो आरोपियों समेत तीन विधि के साथ संघर्षरत बालकों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों के कब्जे से लूट का सामान, दोपहिया वाहन और हथियार बरामद किए गए हैं।

पुलिस के अनुसार, 8 अप्रैल की रात करीब 1:30 बजे प्रार्थी भूषण साहू अपने परिजनों के साथ मोटरसाइकिल से भाठागांव से मुजगहन की ओर जा रहे थे। इसी दौरान सेजबहार स्थित शुभम ऑटो पार्ट्स के पास दो बाइक पर सवार पांच आरोपियों ने उन्हें रोक लिया। आरोपियों ने मारपीट कर चाकू से धमकाया और प्रार्थी व उसके साथियों से मोबाइल, चेन, ताबीज और मोटरसाइकिल लूटकर फरार हो गए। इस दौरान महिलाओं के साथ अभद्रता भी की गई।

घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त (पश्चिम जोन) संदीप पटेल के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राहुल देव शर्मा एवं सहायक पुलिस आयुक्त नवनीत पाटिल के मार्गदर्शन में संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच के दौरान चेतन नामदेव को पकड़ा गया, जिसने अपने साथियों के साथ वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया।

इसके बाद नितिन ध्रुव सहित तीन विधि के साथ संघर्षरत बालकों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो मोटरसाइकिल, 2 मोबाइल फोन, चाकू और डंडा के अलावा लूट का सामान जब्त किया है। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी चेतन नामदेव पहले भी चोरी के मामलों में जेल जा चुका है। मामले में थाना मुजगहन में बीएनएस और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

ACCU: ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क का भंडाफोड़, 6 आरोपी गिरफ्तार


रायपुर।
 TODAY छत्तीसगढ़  /  राजधानी में क्रिकेट मैचों पर ऑनलाइन सट्टा और पारंपरिक ‘पट्टी सिस्टम’ के जरिए चल रहे बड़े नेटवर्क का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट की कार्रवाई में छह आरोपियों को गिरफ्तार कर 9 लाख से अधिक नगदी सहित करीब 13 लाख रुपये का मशरूका जब्त किया गया है।

पुलिस के अनुसार, गुढ़ियारी थाना क्षेत्र के गोंदवारा ओवरब्रिज के नीचे ऑनलाइन सट्टा संचालित होने की सूचना मिली थी। पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला और पुलिस उपायुक्त (नार्थ जोन) मयंक गुर्जर के निर्देशन में टीम ने दबिश देकर मौके से राजा साहू और अभय साहू को गिरफ्तार किया।

मोबाइल जांच में सामने आया कि आरोपी ऑनलाइन बैटिंग साइट्स के ‘मास्टर आईडी’ का उपयोग कर सट्टा संचालित कर रहे थे। वे अन्य लोगों को आईडी उपलब्ध कराकर कमीशन लेते थे और कॉलिंग के जरिए मैचों पर दांव लगवाते थे।

पूछताछ के आधार पर पुलिस ने गिरोह के मंजीत सिंह, रोहित मोटवानी, हरीश सकलेचा और आकाश सिन्हा को भी गिरफ्तार किया। मंजीत सिंह के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी ऑनलाइन सट्टे के साथ-साथ पारंपरिक ‘पट्टी सिस्टम’ से भी दांव लगवा रहे थे, जिससे बड़े पैमाने पर अवैध कमाई की जा रही थी।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 9,05,238 रुपये नगद, 8 मोबाइल फोन, सट्टा पट्टी, कैलकुलेटर व अन्य सामग्री जब्त की है। कुल जब्त मशरूका की कीमत लगभग 13 लाख रुपये बताई गई है। मामले में थाना गुढ़ियारी में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

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