STATE

नई दिल्ली, छत्तीसगढ़, Politics, बिहार

GUEST COLUMN

Guest Column

EDITOR CHOICE

Editor Choice

TRAVELLING STORY

TRAVELLING STORY

TCG EXCLUSIVE

टीसीजी एक्सक्लूसिव, इतिहास

VIDEO

VIDEO
LATEST NEWS
Loading Latest News...

टायरों के अंदर चल रहा था लाखों का 'काला खेल', पुलिस ने ऐसे बिगाड़ा तस्करों का प्लान

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ के दुर्ग ज़िले में पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के आरोप में तीन युवकों को गिरफ़्तार किया है. पुलिस ने इनके पास से 15 किलो 500 ग्राम गांजा बरामद किया है.

अधिकारियों के मुताबिक़, गिरफ़्तारी से बचने के लिए अभियुक्तों ने गांजे को एक पिकअप वाहन के अतिरिक्त (स्टेपनी) टायरों के अंदर छिपाकर रखा हुआ था.

क्या है पूरा मामला?

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 20 जून 2026 की दोपहर जामुल थाना पुलिस को मुखबिरों से यह सूचना मिली थी कि घासीदास नगर मैदान में खड़ी एक सफ़ेद रंग की पिकअप वैन (CG 07 CZ 8442) में अवैध रूप से गांजा रखा गया है.

सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मौक़े पर पहुंचकर वैन की घेराबंदी की. उस वक़्त वाहन में तीन युवक सवार थे.

मैकेनिक बुलवाकर खुलवाए गए टायर

पुलिस का कहना है कि जब वाहन की तलाशी ली गई, तो पीछे रखे प्लास्टिक के कैरेट्स के बीच दो स्टेपनी (अतिरिक्त) टायर रखे हुए मिले. पुलिस को उन टायरों पर संदेह हुआ.

इसके बाद एक ऑटो मैकेनिक को बुलाकर जब उन टायरों को खुलवाया गया, तो पुलिस भी हैरान रह गई. एक टायर के अंदर से 16 पैकेट और दूसरे टायर से 15 पैकेट गांजा बरामद हुआ. कुल मिलाकर साढ़े 15 किलो गांजा ज़ब्त किया गया.

क़रीब 17 लाख रुपये की संपत्ति ज़ब्त

पुलिस ने इस मामले में जिन तीन अभियुक्तों को गिरफ़्तार किया है, उनकी उम्र बेहद कम है. इनकी पहचान 18 वर्षीय आकाश जांगड़े (नंदिनी), 22 वर्षीय मुकेश कुमार सेन और 18 वर्षीय टिकेश्वर यादव (दोनों निवासी घासीदास नगर) के रूप में हुई है. 

जामुल पुलिस ने अभियुक्तों के पास से - 

  • 15 किलो 500 ग्राम गांजा (अनुमानित क़ीमत 7,50,000 रुपये)

  • तस्करी में इस्तेमाल पिकअप वाहन

  • 4 मोबाइल फ़ोन और 2,000 रुपये की नक़दी

  • कुल ज़ब्ती की अनुमानित क़ीमत: 17,72,000 रुपये ज़ब्त की हैं:

पुलिस ने तीनों अभियुक्तों के ख़िलाफ़ 'नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट' (NDPS Act) की धारा 21(ख), 27(क) और 29 के तहत मामला दर्ज किया है. काग़ज़ी क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी अभियुक्तों को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत (रिमांड) में जेल भेज दिया गया है.

बहला-फुसलाकर पिलाई शराब और फिर रिसॉर्ट में दरिंदगी... युवती की मौत का खौफ़नाक सच!

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव ज़िले में एक 24 वर्षीय भिलाई की रहने वाली मुस्कान तिवारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत और कथित तौर पर दुष्कर्म किए जाने के मामले में पुलिस ने तीन अभियुक्तों को गिरफ़्तार किया है.

इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस ने सख़्त कार्रवाई करते हुए मनगटा स्थित 'विशलिंगवुड्स रिसॉर्ट' को भी सील कर दिया है, जहाँ यह कथित घटना घटी थी.  

पुलिस की गिरफ्त में मुस्कान की मौत के आरोपी 

क्या है पूरा मामला?

पुलिस के मुताबिक़, 18 जून को राजनांदगांव के मेडिकल कॉलेज अस्पताल (पेण्ड्री) से एक युवती की संदिग्ध हालत में मौत की सूचना मिली थी. इसके बाद सोमनी थाना पुलिस ने मर्ग क़ायम कर मामले की जांच शुरू की और शव का पोस्टमार्टम कराया. घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर सोमनी पुलिस और साइबर सेल की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया.

जांच के दौरान घटनास्थल के निरीक्षण, परिजनों के बयानों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने बताया कि तीन युवक एक राय होकर युवती को बहला-फुसलाकर रायपुर ले गए थे. 

आरोप है कि रास्ते में उन्होंने मुस्कान को ज़बरदस्ती शराब पिलाई और उसे एक क्लब ले गए. वहां से लौटते वक़्त नशे की हालत में मुस्कान को मनगटा के विशलिंगवुड्स रिसॉर्ट लाया गया. पुलिस का कहना है कि रिसॉर्ट में मदहोशी की हालत का फ़ायदा उठाते हुए मुख्य अभियुक्त (आशुतोष) ने मुस्कान के साथ कथित तौर पर ज़बरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए, जिससे उसे चोटें भी आईं. बाद में उसकी मौत हो गई.

अभियुक्तों की गिरफ़्तारी और आगे की कार्रवाई

पुलिस ने वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में तीन अभियुक्तों को पकड़ा है. इनकी पहचान इस प्रकार है:

  • आशुतोष हिरवानी उर्फ़ आशु (26 वर्ष): निवासी सुरगी (राजनांदगांव) - मुख्य अभियुक्त

  • छत्रपाल उर्फ़ बल्लू देशमुख (25 वर्ष): निवासी सोमनी (राजनांदगांव)

  • घनश्याम बेलचंदन (25 वर्ष): निवासी अण्डा (दुर्ग)

पुलिस के अनुसार, हिरासत में लेकर की गई पूछताछ में अभियुक्तों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है. इनके ख़िलाफ़ नए आपराधिक क़ानून 'भारतीय न्याय संहिता' (बीएनएस) की धारा 64 (बलात्कार), 115(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है. 

ये था मामला, पढ़ें  -  रिज़ॉर्ट का बाथरूम और एक अनसुलझी मौत: मुस्कान की कहानी में क्या है सस्पेंस?

तीनों अभियुक्तों को अदालत में पेश कर जेल भेजा जा रहा है. वहीं, इस घटना के बाद ज़िला पुलिस ने अन्य रिसॉर्ट संचालकों को कड़ा संदेश देते हुए घटनास्थल (विशलिंगवुड्स रिसॉर्ट) को क़ानूनी प्रक्रिया के तहत सील कर दिया है. 

रोज़गार: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट में लाइब्रेरी सहायक के 20 पदों पर निकली भर्ती

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट (बिलासपुर) ने युवाओं के लिए रोज़गार का एक नया अवसर जारी किया है. हाई कोर्ट प्रशासन की ओर से 'लाइब्रेरी सहायक' (Library Assistant) के 20 रिक्त पदों पर भर्ती के लिए आधिकारिक विज्ञापन जारी कर आवेदन मांगे गए हैं.

रजिस्ट्रार जनरल (हाई कोर्ट, बोदरी) के कार्यालय से जारी अधिसूचना के मुताबिक़, योग्य उम्मीदवार निर्धारित प्रारूप में अपने आवेदन 20 जुलाई 2026 की शाम 5:00 बजे तक जमा कर सकते हैं.

रिक्तियों का विवरण (कुल पद - 20)

पदों का बंटवारा आरक्षण के नियमों के आधार पर किया गया है (आरक्षण का लाभ केवल छत्तीसगढ़ के मूल निवासियों को मिलेगा):

  • अनारक्षित (UR): 10 पद (इनमें 3 पद महिलाओं के लिए आरक्षित)

  • अनुसूचित जनजाति (ST): 4 पद (1 पद महिला के लिए आरक्षित)

  • अनुसूचित जाति (SC): 3 पद

  • अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC): 3 पद

  • विशेष आरक्षण: इन कुल 20 पदों में से 2 पद दिव्यांग (Persons with Disabilities) और एसिड अटैक पीड़ितों के लिए क्षैतिज (Horizontal) रूप से आरक्षित रखे गए हैं.

क्या है शैक्षणिक योग्यता और आयु सीमा?

  • शैक्षणिक योग्यता: आवेदन करने वाले उम्मीदवार के पास किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से 'लाइब्रेरी साइंस' (Library Science) में डिग्री होना अनिवार्य है.

  • आयु सीमा: उम्मीदवारों की उम्र कम से कम 21 वर्ष और अधिकतम 30 वर्ष होनी चाहिए. हालांकि, छत्तीसगढ़ के मूल निवासियों के लिए अधिकतम आयु सीमा 40 वर्ष तय की गई है. इसके अलावा, सरकारी नियमों के अनुसार आरक्षित वर्गों को आयु सीमा में अतिरिक्त छूट दी जाएगी.

कैसे होगा चयन?

इस पद के लिए चयन प्रक्रिया दो चरणों में पूरी की जाएगी:

  1. पहला चरण: लिखित परीक्षा (Written Exam)

  2. दूसरा चरण: कौशल परीक्षा (Skill Test)

अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि आवेदन का निर्धारित प्रारूप, नियम, शर्तें और आयु सीमा से जुड़ी विस्तृत जानकारी छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है. उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि आवेदन करने से पहले वे वेबसाइट पर जाकर पूरी जानकारी ध्यानपूर्वक पढ़ लें.

लोगों में दहशत फैला रहे थे 'चाकूबाज़', पुलिस ने भेजा सलाख़ों के पीछे

 TODAY छत्तीसगढ़  /  बिलासपुर ज़िले में पुलिस ने सरेआम धारदार हथियार लहराकर लोगों को डराने-धमकाने के आरोप में दो युवकों को गिरफ़्तार किया है.

सिटी कोतवाली थाना पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों अभियुक्तों को अलग-अलग जगहों से पकड़ा है और उनके पास से दो धारदार चाकू ज़ब्त किए हैं.

क्या है पूरा मामला?

पुलिस के मुताबिक़, 20 जून 2026 को मुखबिरों से यह सूचना मिली थी कि सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र में दो लोग राहगीरों को डरा रहे हैं, जिससे आस-पास के इलाक़े में दहशत का माहौल है. बताया गया कि इनमें से एक व्यक्ति पचरी घाट और दूसरा ज्वाली नाला के पास हथियार लहरा रहा था.

पुलिस की घेराबंदी और गिरफ़्तारी

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) रजनेश सिंह के निर्देशों के तहत पुलिस अधिकारियों ने तत्काल एक टीम का गठन कर दोनों स्थानों पर दबिश दी. पहली गिरफ़्तारी: पचरी घाट के पास से कोनी इलाक़े के रहने वाले 25 वर्षीय दीपक (उर्फ़ सोनू पिल्ले) को घेराबंदी कर पकड़ा गया.

दूसरी गिरफ़्तारी: वहीं, ज्वाली नाला के पास से हटरी चौक निवासी 19 वर्षीय मोहम्मद अनम को हिरासत में लिया गया. तलाशी के दौरान दोनों युवकों के पास से एक-एक धारदार चाकू बरामद हुआ.

आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज

पुलिस ने दोनों अभियुक्तों के ख़िलाफ़ आर्म्स एक्ट (शस्त्र अधिनियम) की धारा 25 और 27 के तहत अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं. काग़ज़ी क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद दोनों अभियुक्तों को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक हिरासत (रिमांड) में जेल भेज दिया गया है. बिलासपुर पुलिस का कहना है कि शहर में असामाजिक तत्वों के ख़िलाफ़ इस तरह की सख़्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी.

कल सड़कों पर निकलने वाले हैं तो पढ़ लें ये ख़बर... ट्रैफ़िक पुलिस ने जारी किया है अलर्ट!

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में रविवार, कल 21 जून को होने वाली नीट-यूजी (NEET-UG) परीक्षा के मद्देनज़र ज़िला पुलिस और यातायात विभाग ने शहर के लिए एक विशेष ट्रैफ़िक एडवाइज़री (यातायात निर्देश) जारी की है.

प्रशासन के मुताबिक़, शहर के 19 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होने वाली इस परीक्षा में बिलासपुर समेत अन्य ज़िलों से भी हज़ारों परीक्षार्थी और उनके अभिभावक पहुंचेंगे. इसे देखते हुए शहर में क़ानून-व्यवस्था और यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है.

परीक्षा का समय और 'पीक ट्रैफ़िक'

पुलिस के अनुसार, परीक्षा दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक चलेगी. परीक्षार्थियों को सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:30 बजे के बीच परीक्षा केंद्रों पर रिपोर्ट करना होगा.

यातायात पुलिस ने चेतावनी दी है कि सुबह 10:00 बजे से परीक्षा शुरू होने तक और शाम 5:00 बजे (परीक्षा ख़त्म होने के बाद) शहर की सड़कों पर वाहनों का भारी दबाव रहेगा. ख़ासकर शहर के एंट्री-एग्ज़िट पॉइंट्स, पुल-पुलियों, संकरे रास्तों, प्रमुख चौराहों और शॉपिंग मॉल्स के आस-पास ट्रैफ़िक जाम की स्थिति बन सकती है.

आम नागरिकों के लिए पुलिस की अपील

यातायात को व्यवस्थित रखने के लिए पुलिस ने कई अहम क़दम उठाए हैं और नागरिकों से कुछ ख़ास अपीलें की हैं:

  • भारी वाहनों पर रोक: शहर में सभी दिशाओं से प्रवेश करने वाले भारी वाहनों के लिए पूर्ण रूप से 'नो-एंट्री' लगा दी गई है.

  • रूट डायवर्ज़न: प्रमुख मार्गों पर ट्रैफ़िक के दबाव को देखते हुए ज़रूरत पड़ने पर रास्तों में बदलाव (डायवर्ज़न) भी किया जा सकता है.

  • बाहरी रास्तों का करें इस्तेमाल: पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि ट्रैफ़िक जाम से बचने के लिए वे परीक्षा के समय (सुबह और शाम) शहर के भीतरी रास्तों के बजाय सीमावर्ती (आउटर या बायपास) मार्गों का इस्तेमाल करें.

  • यातायात ड्यूटी में लगे पुलिसकर्मियों के निर्देशों का सख़्ती से पालन करें.

रास्ते में ही बदल दिया जाता था लाखों का कोयला! 'कोल स्कैम' का फ़रार आरोपी गिरफ़्तार

 

TODAY छत्तीसगढ़  /   छत्तीसगढ़ के बिलासपुर ज़िले में सकरी थाना पुलिस ने कोयला चोरी और उसमें मिलावट करने के एक बड़े मामले में फ़रार चल रहे अभियुक्त को गिरफ़्तार कर लिया है.

पुलिस के मुताबिक़, पकड़े गए 36 वर्षीय व्यक्ति की पहचान अजय कुमार सिंह के रूप में हुई है, जो कोनी इलाक़े के समृद्धि विहार का रहने वाला है. इस पूरे मामले में पुलिस अब तक सात लोगों को गिरफ़्तार कर चुकी है. 

और भी पढ़ें -  कोयले का काला कारोबार बेनकाब, अपराध दर्ज होते ही छह गिरफ्तार 

क्या है पूरा मामला?

पुलिस के अनुसार, यह मामला 10 जून को सामने आया था. सिरगिट्टी के न्यू लोको कॉलोनी निवासी आर.के. पांडेय ने सकरी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि 9 जून को दीपका कोल माइंस से 'एफ/जी' (F/G) ग्रेड का अच्छी गुणवत्ता वाला कोयला तीन अलग-अलग ट्रेलरों के ज़रिए 'भाटिया एनर्जी एंड कोल बेनिफ़िकेशन प्रा. लि.' (लोखंडी) के लिए मंगवाया गया था. शिकायत के मुताबिक़, जब 10 जून की सुबह ट्रेलर वहां पहुंचे और कोयले की लैब में जांच की गई, तो वह असली 'एफ/जी' ग्रेड का कोयला नहीं निकला.

पूछताछ में खुला चोरी का राज़

इस गड़बड़ी के बाद जब तीनों ट्रेलर चालकों से सख़्ती से पूछताछ की गई, तो एक बड़ी साज़िश का ख़ुलासा हुआ. चालकों ने बताया कि उन्होंने 'बालाजी कोल ट्रेडिंग एंड कंस्ट्रक्शन' के संचालक और प्लांट के सुपरवाइज़र के साथ मिलीभगत करके इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया था. आरोप है कि इन लोगों ने रास्ते में ही उच्च गुणवत्ता वाले कोयले की चोरी कर ली थी और उसकी जगह ट्रेलरों में मिलावटी और घटिया कोयला भर दिया था.

पुलिस की अब तक की कार्रवाई

इस ख़ुलासे के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए घटना में शामिल 6 अभियुक्तों को पहले ही गिरफ़्तार कर लिया था. इनमें झारखंड के रहने वाले तीन ट्रेलर चालक और भिलाई व रतनपुर के निवासी शामिल थे, जिन्हें पहले ही न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है.

मामले का सातवां अभियुक्त अजय कुमार सिंह घटना के दिन से ही फ़रार था. सकरी पुलिस ने कोनी इलाक़े में घेराबंदी कर उसे गिरफ़्तार कर लिया है. काग़ज़ी क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उसे अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उसे भी न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है.

लालच ने बनाया हत्यारा, दोस्त की जान लेकर उड़ा 41 हजार रूपये

बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  तखतपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत चौकी जुनापारा के ग्राम बांसाझाल भाठाखार स्थित खेत में मिले भुवन सिंह ध्रुव के शव मामले में बिलासपुर पुलिस ने अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए हत्या के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि खेत बिक्री से मिले पैसों की लालच में मृतक के पुराने दोस्त ने ही उसकी हत्या कर दी थी।

उप पुलिस महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह के निर्देशन में चलाए गए विशेष अभियान के तहत आरोपी अशोक श्रीवास को गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मयूलिका सिंह तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कोटा नूपुर उपाध्याय के मार्गदर्शन में चौकी जुनापारा और थाना रतनपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने की।

पुलिस के अनुसार, ग्राम मनपहरी निवासी 45 वर्षीय अशोक श्रीवास मृतक भुवन सिंह ध्रुव को पिछले 10 से 15 वर्षों से जानता था। कुछ समय पूर्व भुवन सिंह ने अपनी कृषि भूमि बेचकर बड़ी रकम प्राप्त की थी। इसकी जानकारी आरोपी को लग गई थी, जिसके बाद उसने मृतक के साथ मेलजोल बढ़ाना शुरू कर दिया।

शराब पिलाकर सुनसान जगह ले गया

जांच में सामने आया कि 13 जून 2026 को आरोपी अपने ऑटो क्रमांक CG10 BN 1761 से भुवन सिंह को साथ लेकर निकला। रास्ते में उसने उसे शराब पिलाई और लगातार रुपयों की मांग करता रहा। जब उसे लगा कि भुवन सिंह पूरी तरह नशे में है, तब वह उसे बांसाझाल क्षेत्र के सुनसान खेतों की ओर ले गया।

वहां भी रुपये देने से इनकार करने पर आरोपी ने पहले पत्थर से हमला कर उसे बेहोश कर दिया। इसके बाद हत्या की नीयत से करीब तीन से चार किलो वजनी पत्थर को मृतक के सीने पर कई बार पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपी मृतक के पास रखी नकदी लेकर अपने गांव मनपहरी लौट गया।

सीसीटीवी और गवाहों से मिला सुराग

हत्या के बाद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार हो गया था। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले और अनेक लोगों से पूछताछ की। तकनीकी साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर पुलिस को आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मृतक से लूटे गए 41,500 रुपये नकद, हत्या में प्रयुक्त पत्थर तथा घटना में इस्तेमाल किया गया ऑटो क्रमांक CG10 BN 1761 बरामद किया है।

लालच बना हत्या की वजह

पुलिस जांच में स्पष्ट हुआ कि आरोपी अशोक श्रीवास नशे का आदी था और भुवन सिंह के पास खेत बिक्री से मिली रकम होने की जानकारी के कारण उसके मन में लालच पैदा हो गया था। इसी लालच में उसने सुनियोजित तरीके से अपने दोस्त की हत्या कर दी।

लगातार खोजबीन के बाद पुलिस ने 20 जून 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।

© all rights reserved TODAY छत्तीसगढ़ 2018
todaychhattisgarhtcg@gmail.com