LATEST NEWS
Loading Latest News...

ट्रेडिंग में निवेश के नाम पर 40 लाख की धोखाधड़ी, पति-पत्नी गिरफ़्तार

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ के दुर्ग ज़िले में पुलिस ने शेयर बाज़ार (ट्रेडिंग कंपनी) में भारी मुनाफ़ा कमाने का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी करने वाले एक दंपती को गिरफ़्तार किया है. पुलिस के मुताबिक़, आरोपियों ने ख़ुद को 'फ़ाइनेंशियल कंसल्टेंट' बताकर न सिर्फ़ नक़दी ऐंठी, बल्कि शिकायतकर्ता की एक परिचित के सोने के गहने भी बैंक में गिरवी रखकर पैसे निकाल लिए.

क्या है पूरा मामला?

जामुल थाना पुलिस के अनुसार, फातिमा अहमद (उर्फ़ स्वाती) नाम की महिला ने इस मामले में एफ़आईआर दर्ज कराई थी. अपनी शिकायत में उन्होंने बताया कि सुपेला इलाक़े के रहने वाले पवन हरिहर सिंह (49) और उनकी पत्नी पिंकी सिंह (42) ने उन्हें ट्रेडिंग में निवेश कर बड़ा मुनाफ़ा कमाने का प्रलोभन दिया था.

आरोप है कि इस दंपती ने फातिमा को भरोसे में लेकर निवेश के नाम पर उनसे क़रीब 25 लाख रुपये ले लिए. बात यहीं नहीं रुकी; बताया जा रहा है कि आरोपियों ने फातिमा की सहेली रजनी बारसकर के सोने के ज़ेवर भी अपने क़ब्ज़े में ले लिए.

बाद में आरोपियों ने उन गहनों को भिलाई के पावर हाउस चौक स्थित 'आईआईएफएल (IIFL) गोल्ड फाइनेंस' में अपने नाम से गिरवी रख दिया और वहां से लगभग 15 लाख रुपये का लोन ले लिया. इस तरह कुल मिलाकर क़रीब 40 लाख रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दिया गया.

पुलिस की कार्रवाई और गिरफ़्तारी

धोखाधड़ी का एहसास होने पर जब मामले की शिकायत की गई, तो दोनों आरोपी फ़रार हो गए. जामुल पुलिस ने नए आपराधिक क़ानून 'भारतीय न्याय संहिता' (बीएनएस) की धारा 318(4) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की. पुलिस ने मुखबिरों की सूचना और तकनीकी सुरागों के आधार पर घेराबंदी कर 19 जून 2026 को आरोपी पवन और पिंकी सिंह को गिरफ़्तार कर लिया.

पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म क़बूल कर लिया है. पुलिस ने इनके पास से ठगी और सोने को गिरवी रखने से जुड़े कई अहम दस्तावेज़ ज़ब्त किए हैं. दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक हिरासत (रिमांड) में जेल भेज दिया गया है.

चोरी के गहने ख़रीदने के आरोप में महिला गिरफ़्तार, तीन अन्य भी पकड़े गए

TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ के दुर्ग ज़िले में पुलिस ने घर में घुसकर चोरी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफ़ाश किया है. पाटन थाना पुलिस और एसीसीयू (ACCU) दुर्ग की संयुक्त टीम ने इस मामले में तीन संदिग्धों को गिरफ़्तार किया है. इसके अलावा, चोरी का सामान ख़रीदने के आरोप में रायपुर की एक महिला को भी पकड़ा गया है.

पुलिस के मुताबिक़, आरोपियों के पास से सोने के गहने और नक़दी बरामद की गई है, जिनकी कुल क़ीमत तक़रीबन 1 लाख 43 हज़ार रुपये आंकी गई है.

कैसे पकड़े गए आरोपी?

पाटन थाना क्षेत्र में एक महिला (प्रार्थिया) के घर हुई चोरी के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी. इलाक़े में चोरी की घटनाओं को रोकने और आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की एक विशेष टीम संदिग्धों पर लगातार नज़र रख रही थी.

मुखबिरों से मिली सूचना और तकनीकी साक्ष्यों (टेक्निकल सर्विलांस) के आधार पर शुक्रवार, 19 जून 2026 को पुलिस ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के दौरान तीनों ने पैसों के लालच में चोरी की इस घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली.

रायपुर में बेचे गए थे चोरी के गहने

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने चोरी किए गए गहने रायपुर की रहने वाली एक महिला को बेचे हैं. इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 33 वर्षीय सिल्की देवांगन (निवासी चंगोराभाठा, रायपुर) को भी गिरफ़्तार कर लिया.

इस मामले में गिरफ़्तार किए गए अन्य तीन आरोपियों की पहचान मानषु टण्डन (20), अजित बंधेल (21) और खिलेश्वर पटेल (23) के रूप में हुई है. ये तीनों पाटन इलाक़े के ही अलग-अलग गांवों के रहने वाले हैं.

पुलिस ने आरोपियों और ख़रीदार महिला के पास से एक सोने का गुलबंद, एक जोड़ी सोने की बालियां (इयररिंग) और 10,000 रुपये नक़द ज़ब्त किए हैं. काग़ज़ी क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक हिरासत (रिमांड) में भेज दिया गया है.

#VIDEO: बम की तरह फटा जेसीबी का टायर, हवा में उछला 18 साल का युवक

TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक निर्माण स्थल पर हुए गंभीर हादसे में एक 18 वर्षीय युवक की मौत हो गई है, जबकि तीन अन्य लोग घायल हुए हैं.

पुलिस के अनुसार, यह घटना आज (शुक्रवार) दोपहर चकरभाठा थाना क्षेत्र के बोदरी स्थित एक निर्माणाधीन कॉलोनी (फॉर्च्यून एलिमेंट) में हुई. हादसा उस वक़्त हुआ जब मरम्मत के बाद एक जेसीबी मशीन के टायर में हवा भरी जा रही थी और टायर अचानक तेज़ धमाके के साथ फट गया.

कैसे हुआ हादसा?

प्रत्यक्षदर्शियों और घटना के सीसीटीवी फुटेज के मुताबिक़, परिसर में जेसीबी के पंक्चर टायर को सुधारने का काम चल रहा था. मरम्मत के बाद जब उसमें हवा भरी जा रही थी, तभी एक ज़ोरदार धमाका हुआ.

धमाके का दबाव इतना ज़्यादा था कि वहां पास खड़ा हेल्पर हवा में काफ़ी ऊपर उछल कर ज़मीन पर आ गिरा. पुलिस के मुताबिक़, गंभीर चोटें आने की वजह से मौक़े पर ही उसकी मौत हो गई.

मृतक की पहचान 18 वर्षीय उमाकांत कौशिक के रूप में हुई है, जो मूल रूप से सीपत क्षेत्र का रहने वाला था और वहां हेल्पर के तौर पर काम करता था.

अस्पताल में घायलों का इलाज जारी

इस ज़ोरदार धमाके की चपेट में आकर मौक़े पर मौजूद तीन अन्य लोग भी घायल हुए हैं, जिनमें जेसीबी का ऑपरेटर और एक मैकेनिक शामिल हैं.

हादसे के तुरंत बाद निर्माण स्थल पर अफ़रा-तफ़री का माहौल बन गया. वहां काम कर रहे अन्य मज़दूरों और कर्मचारियों की मदद से घायलों को तुरंत नज़दीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ उनका इलाज चल रहा है.

पुलिस कर रही है मामले की जांच

घटना की सूचना मिलते ही चकरभाठा थाने की पुलिस मौक़े पर पहुंची. पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के साथ ही घटना का सीसीटीवी फुटेज भी अपने कब्ज़े में ले लिया है.

प्रशासनिक स्तर पर इस बात की जांच की जा रही है कि भारी मशीनों और बड़े टायरों की मरम्मत के दौरान कार्यस्थल पर ज़रूरी सुरक्षा मानकों (सेफ़्टी स्टैंडर्ड) का पालन किया जा रहा था या नहीं.


'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान में लगेंगे 2.50 करोड़ पौधे, क्या है विभाग का ब्लू-प्रिंट

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के लिए वन विभाग ने बड़े पैमाने पर पौधरोपण की तैयारी की है. केंद्र सरकार के "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान के तहत राज्य में इस मॉनसून (2026) क़रीब 2.50 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है.

वन मंत्री केदार कश्यप और प्रधान मुख्य वन संरक्षक अरुण कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में विभाग ने दावा किया है कि वे इस बार भी केंद्र द्वारा दिए गए लक्ष्य को आसानी से पार कर लेंगे. इस महाअभियान की औपचारिक शुरुआत 5 जून 2026 (विश्व पर्यावरण दिवस) को हो चुकी है और इसे सितंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य है.

2026 के लिए क्या है विभाग की रणनीति?

अधिकारियों के मुताबिक़, हालांकि भारत सरकार ने राज्य को 2.50 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य दिया है, लेकिन वन विभाग ने कुल 2 करोड़ 59 लाख 23 हज़ार पौधों के रोपण और वितरण का ख़ाका तैयार किया है.

इस योजना को तीन मुख्य हिस्सों में बांटा गया है:

  • विभागीय वनरोपण: मनरेगा, कैम्पा और अन्य विभागीय योजनाओं के तहत 6592 हेक्टेयर और 22.90 किलोमीटर क्षेत्र में 64.31 लाख पौधे लगाए जाएंगे.

  • आम जनता को वितरण: राज्य में हरियाली बढ़ाने के लिए आम नागरिकों और संस्थाओं को 74.45 लाख पौधे बांटे जाएंगे.

  • 'किसान वृक्ष मित्र योजना': किसानों की निजी ज़मीन (17,670 एकड़) पर वानिकी को बढ़ावा देते हुए 1.20 करोड़ से ज़्यादा पौधे लगाए जाएंगे.

पिछले वर्षों का रिकॉर्ड: लक्ष्य और उपलब्धि

वन विभाग का कहना है कि पिछले दो सालों में भी राज्य ने पौधरोपण के मामले में केंद्र के लक्ष्यों को पीछे छोड़ दिया था. इन आंकड़ों को 'मेरी लाइफ़' (Meri LiFE) पोर्टल पर भी दर्ज किया गया है.

आइए इन आंकड़ों पर एक नज़र डालते हैं:

वर्षकेंद्र सरकार का लक्ष्यछत्तीसगढ़ वन विभाग की उपलब्धि / तैयारी
20242.75 करोड़3.50 करोड़ (लक्ष्य से अधिक पौधे रोपे और बांटे गए)
20251.65 करोड़3.55 करोड़ (लक्ष्य से दोगुने से भी अधिक का रिकॉर्ड)
20262.50 करोड़2.59 करोड़ (इस वर्ष की प्रस्तावित कार्ययोजना)

आर्थिक और पर्यावरणीय फ़ायदे

वन विभाग के अनुसार, इस अभियान का मक़सद महज़ पौधों की संख्या बढ़ाना नहीं है, बल्कि इसके दूरगामी परिणाम हासिल करना है:

  • मिट्टी का कटाव रुकेगा: हसदेव, महानदी, खारून और शिवनाथ जैसी नदियों के किनारे पौधारोपण से मृदा अपरदन (Soil Erosion) पर लगाम लगेगी.

  • किसानों को आर्थिक लाभ: चंदन, सागौन और नीलगिरी जैसी क़ीमती लकड़ियों के पेड़ लगाने से भविष्य में किसानों को सीधा मुनाफ़ा होगा.

  • प्रदूषण में कमी: सड़कों के किनारे फलदार और छायादार पेड़ लगाने से राहगीरों को राहत मिलेगी और प्रदूषण के स्तर में भी गिरावट आएगी.

विभाग का लक्ष्य है कि सितंबर 2026 तक सारा काम पूरा कर लिया जाए और इसका डेटा ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड कर दिया जाए ताकि राष्ट्रीय स्तर पर राज्य की भागीदारी स्पष्ट हो सके. 

शहर में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस अलर्ट, संदिग्ध ठिकानों पर दबिश

TODAY छत्तीसगढ़  / छत्तीसगढ़ के रायपुर में क़ानून-व्यवस्था बनाए रखने और संदिग्ध गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस ने सख़्त रुख़ अपनाया है. इसी कड़ी में तेलीबांधा थाना पुलिस ने एक विशेष चेकिंग अभियान के दौरान 13 लोगों के ख़िलाफ़ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है.

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक़, गुरुवार (18 जून) को थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कई संदिग्ध स्थानों और इलाक़ों में यह औचक निरीक्षण अभियान चलाया गया था.

इस चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस ने 13 संदिग्ध व्यक्तियों (अनावेदकों) को पकड़ा. पुलिस का कहना है कि इन सभी के ख़िलाफ़ नए आपराधिक क़ानून 'भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता' (बीएनएसएस - BNSS) की धारा 170/126 और 135 के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई है. यह धाराएं मुख्य रूप से शांति भंग होने की आशंका और निवारक (प्रतिबंधात्मक) कार्रवाई से जुड़ी हैं.

पुलिस के अनुसार, काग़ज़ी कार्रवाई पूरी करने के बाद इन सभी 13 लोगों को आगे की क़ानूनी प्रक्रिया के लिए विशेष कार्यपालिक मजिस्ट्रेट और सहायक पुलिस आयुक्त (सिविल लाइंस) की अदालत में पेश किया गया है.


स्कूली छात्रों के बीच हिंसक विवाद, चाकू लगने से एक छात्र की मौत

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ के रायपुर ज़िले में दो स्कूली छात्रों के बीच हुए आपसी विवाद में एक छात्र की मौत का मामला सामने आया है. यह घटना तिल्दा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सासाहोली गांव की है. पुलिस के अनुसार, दोनों छात्रों के बीच स्कूल में किसी बात को लेकर मामूली कहासुनी हुई थी, जो बाद में हिंसक झड़प में तब्दील हो गई.

कैसे हुई घटना?

प्राप्त जानकारी के मुताबिक़, विवाद के दौरान एक छात्र ने कथित तौर पर अपनी जेब से चाकू निकालकर दूसरे छात्र पर हमला कर दिया. इस हमले में दूसरा छात्र घायल हो गया.

बताया जा रहा है कि इसके बाद घायल छात्र ने अपना बचाव करते हुए पहले छात्र के हाथ से चाकू छीन लिया और उसी चाकू से उस पर जवाबी हमला कर दिया. इस हमले में पहला छात्र गंभीर रूप से ज़ख़्मी हो गया.

गंभीर हालत में घायल छात्र को तुरंत नज़दीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

पुलिस की कार्रवाई

इस घटना में दूसरे छात्र (आरोपी) को भी चोटें आई हैं और फ़िलहाल अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है. घटना की सूचना मिलने के बाद तिल्दा थाना पुलिस मौक़े पर पहुँची. पुलिस ने मर्ग क़ायम कर लिया है और इस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है. 

महाराष्ट्र को भी भाया छत्तीसगढ़ का 'धान ख़रीदी मॉडल', कृषि योजनाओं पर चर्चा

TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ की तर्ज़ पर अब महाराष्ट्र में भी धान ख़रीदी की व्यवस्था और किसानों से जुड़ी नीतियों में कुछ बदलाव देखने को मिल सकते हैं.

शुक्रवार को महाराष्ट्र के विधायकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने रायपुर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से मुलाक़ात की और राज्य के 'धान ख़रीदी मॉडल' के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़ी योजनाओं का अध्ययन किया.

मुख्यमंत्री आवास पर हुई इस बैठक के दौरान महाराष्ट्र के विधायकों ने बताया कि छत्तीसगढ़ की सीमा से लगे महाराष्ट्र के चार ज़िलों में धान की बड़े पैमाने पर खेती होती है. प्रतिनिधिमंडल ने छत्तीसगढ़ सरकार के प्रशासनिक प्रबंधन की सराहना करते हुए कहा कि वे इस मॉडल का अध्ययन कर महाराष्ट्र के धान उत्पादक इलाक़ों में भी ऐसे ही प्रयास आगे बढ़ाने पर विचार कर रहे हैं.

मुलाक़ात के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महाराष्ट्र के विधायकों को राज्य की धान ख़रीदी व्यवस्था की विस्तृत जानकारी दी. मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान की ख़रीदी की जा रही है. इस साल खरीफ़ सीज़न में राज्य सरकार ने लगभग 141 लाख मीट्रिक टन धान ख़रीदा है, जिसे देश के सबसे बड़े धान उपार्जन अभियानों में से एक बताया जा रहा है.

किसानों की सहूलियत के लिए पूरे प्रदेश में क़रीब 2700 धान ख़रीदी केंद्र संचालित किए जा रहे हैं. मुख्यमंत्री के मुताबिक़, धान की तौल, परिवहन से लेकर किसानों के बैंक खातों में भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया को तकनीक-आधारित और पारदर्शी बनाया गया है.

'कृषक उन्नति योजना' और आय बढ़ाने पर ज़ोर

बैठक में 'कृषक उन्नति योजना' सहित राज्य सरकार की अन्य कृषि योजनाओं पर भी चर्चा हुई. मुख्यमंत्री ने कहा कि धान ख़रीदी के साथ-साथ राज्य में फसल विविधीकरण (क्रॉप डाइवर्सिफिकेशन), पशुपालन और मत्स्य पालन को भी बढ़ावा दिया जा रहा है ताकि ग्रामीण परिवारों की आमदनी बढ़ाई जा सके.

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्यों के बीच इस तरह के सफल अनुभवों को साझा करने से पूरे देश के कृषि क्षेत्र को मज़बूती मिलती है. इस मौक़े पर उन्होंने महाराष्ट्र से आए विधायकों को स्मृति-चिह्न के रूप में 'बस्तर आर्ट' भेंट किया.

इस बैठक में महाराष्ट्र के विधायक डॉ. परिणय फुके, विनोद अग्रवाल, राजू कारेमोरे और संजय पुराम के अलावा छत्तीसगढ़ की महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, मार्कफेड अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी और मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे.

© all rights reserved TODAY छत्तीसगढ़ 2018
todaychhattisgarhtcg@gmail.com