रायगढ़। TODAY छत्तीसगढ़ / पुलिस ने संपत्ति संबंधी अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन क्लीन हंट' के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अंतरजिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के पांच कथित सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब नौ लाख रुपये मूल्य की 21 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। मामले में दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार, कार्रवाई की शुरुआत 11 जुलाई को कमला नेहरू गार्डन के सामने से चोरी हुई एक हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल की जांच से हुई। जांच के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि मेडिकल कॉलेज रोड पर दो युवक चोरी की बाइक बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहे हैं।
सूचना के आधार पर थाना चक्रधरनगर पुलिस ने घेराबंदी कर दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। पूछताछ में उनकी पहचान अनिल मिश्रा और अमृत बहादुर के रूप में हुई। पुलिस का कहना है कि दोनों ने पूछताछ में अपने अन्य साथियों बोलो निषाद, चंद्रकुमार तिवारी और चंदन राय के साथ मिलकर वाहन चोरी करने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने तीन अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के मुताबिक आरोपियों से अलग-अलग पूछताछ में रायगढ़, कोरबा, सक्ती जिले के डभरा और मालखरौदा क्षेत्र, तथा ओडिशा के बरगढ़ सहित अन्य इलाकों से मोटरसाइकिल चोरी करने की जानकारी मिली। आरोपियों की निशानदेही पर विभिन्न स्थानों से कुल 21 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गईं।
जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि आरोपी संगठित तरीके से वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम दे रहे थे। इसी आधार पर मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संगठित अपराध से संबंधित धाराएं भी जोड़ी गई हैं।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अनिल मिश्रा (38), बोलो निषाद (38), अमृत बहादुर (37), चंद्रकुमार तिवारी (37) और चंदन राय (24) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में दो अन्य साथियों के नाम भी सामने आए हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह भीड़भाड़ वाले स्थानों की पहले रेकी करता था और मुख्य रूप से हीरो स्प्लेंडर तथा एचएफ डीलक्स जैसी मोटरसाइकिलों को निशाना बनाता था। चोरी के बाद वाहनों के लॉक तोड़कर उन्हें अन्य जिलों और राज्यों में बेच दिया जाता था।
रायगढ़ पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार दो आरोपियों का पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

