LATEST NEWS
Loading Latest News...

सूरजपुर को 232 करोड़ की सौगात! प्रेमनगर में डोम, इंडोर स्टेडियम और सड़क बनेगी

रायपुर/सूरजपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सूरजपुर जिले को 232 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात दी है। बुधवार को रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय से वर्चुअल माध्यम से प्रेमनगर में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने 24.29 करोड़ रुपये की लागत से पूर्ण 63 विकास कार्यों का लोकार्पण और 208.20 करोड़ रुपये की लागत वाले 54 कार्यों का भूमिपूजन किया। इसके साथ ही प्रेमनगर नगर पंचायत के लिए 2.70 करोड़ रुपये के अतिरिक्त विकास कार्यों की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरगुजा और बस्तर सहित प्रदेश के हर क्षेत्र में विकास की नई संभावनाओं को साकार करना सरकार का संकल्प है। सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार कर योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्राथमिकता है।

प्रेमनगर में डोम, इंडोर स्टेडियम और सड़क की घोषणा

मुख्यमंत्री साय ने प्रेमनगर नगर पंचायत में तीन प्रमुख विकास कार्यों की घोषणा की। इनमें मंगल भवन के पास डोम निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये, इंडोर स्टेडियम के लिए 50 लाख रुपये और वार्ड क्रमांक 10, 11 एवं 12 से विश्रामगृह तक करीब दो किलोमीटर बीटी सड़क बनाने के लिए 1.20 करोड़ रुपये शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रेमनगर विधानसभा क्षेत्र के विकास में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। क्षेत्र की जरूरतों और जनप्रतिनिधियों की मांगों के अनुरूप विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी।

उन्होंने प्रतिकूल मौसम के कारण कार्यक्रम स्थल पर नहीं पहुंच पाने पर क्षेत्रवासियों से खेद जताया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम की तैयारियों के लिए जिला प्रशासन की सराहना भी की।

जल संचय अभियान में सूरजपुर प्रदेश में प्रथम

मुख्यमंत्री ने जल संचय जनभागीदारी अभियान में सूरजपुर जिले की उपलब्धि की सराहना करते हुए नागरिकों, कलेक्टर और जिला प्रशासन की टीम को बधाई दी। उन्होंने बताया कि इस अभियान में सूरजपुर प्रदेश में पहले और देश में चौथे स्थान पर है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बदलते वर्षा चक्र और गिरते भूजल स्तर को देखते हुए जल संरक्षण बेहद जरूरी है। वर्षा जल का संचयन और पारंपरिक जल स्रोतों का संरक्षण सामूहिक जिम्मेदारी है।

जिले में जल संरक्षण एवं संवर्धन से जुड़े 2,212 कार्यों पर 130.56 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इन कार्यों से वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने, भूजल स्तर सुधारने और ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की उपलब्धता बढ़ाने का लक्ष्य है।

किसानों के लिए धान खरीदी और सिंचाई सुविधाओं पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों की आर्थिक समृद्धि और कृषि सुविधाओं के विस्तार के लिए काम कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में किसानों से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ अधिकतम 21 क्विंटल धान खरीदा जा रहा है। किसानों की सुविधा के लिए 360 नए धान खरीदी केंद्रों को स्वीकृति दी गई है।

उन्होंने कहा कि सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिए 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक के कार्य स्वीकृत किए गए हैं। इसके अलावा पुरानी सिंचाई योजनाओं की मरम्मत और जीर्णोद्धार के लिए 2,800 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।

महतारी वंदन से महिलाओं को आर्थिक संबल

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महतारी वंदन योजना के माध्यम से महिलाओं के बैंक खातों में हर महीने आर्थिक सहायता पहुंचाई जा रही है। महिलाओं के जीवन में बढ़ता आत्मविश्वास और उनके चेहरों पर खुशी योजनाओं की सार्थकता को दर्शाती है।

उन्होंने प्रधानमंत्री जनमन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के जीवन स्तर में सुधार के लिए प्रदेश में करीब 32 हजार आवास स्वीकृत किए गए हैं। पहाड़ी कोरवा, बिरहोर, कमार, बैगा और अबूझमाड़िया जैसे समुदायों को पक्के आवास और बुनियादी सुविधाओं से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि तेंदूपत्ता संग्रहण की पारिश्रमिक दर 4,000 रुपये से बढ़ाकर 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा की गई है, जिससे वनवासी परिवारों को आर्थिक लाभ मिल रहा है।

बस्तर और सरगुजा में विकास की नई संभावनाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से बस्तर में शांति, विश्वास और विकास का वातावरण मजबूत हुआ है। जिन क्षेत्रों में पहले विकास कार्यों में बाधाएं थीं, वहां सड़क, बिजली, पानी, आवास और आजीविका के अवसर बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।

उन्होंने बस्तर और सरगुजा अंचल में पर्यटन की संभावनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन स्थलों को नई पहचान देने से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ सकते हैं।

घर बैठे शासकीय सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन का उद्देश्य नागरिकों को छोटी-छोटी समस्याओं के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने से राहत देना है। मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के माध्यम से शिकायतों के समयबद्ध निराकरण और सेवा सेतु के जरिए शासकीय सेवाओं को ऑनलाइन उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों में अटल डिजिटल सेवा केंद्रों के माध्यम से शासकीय सेवाओं के साथ बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने अंजोर विजन 2047 का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण की दिशा में काम कर रही है। लक्ष्य है कि प्रदेश के हर नागरिक को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और विकास के समान अवसर मिलें।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरगुजा संभाग में विकास कार्यों को नई गति मिली है। उन्होंने जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से ग्राम पंचायतों की जरूरतों के अनुरूप विकास कार्यों को प्राथमिकता देने का आग्रह किया।

महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि महतारी वंदन योजना महिलाओं को आर्थिक संबल दे रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से गरीब परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहा है।

कार्यक्रम में सरगुजा विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं विधायक गोमती साय, भरत सिंह सिसोदिया, विधायक भूलन सिंह मरावी, विधायक शकुंतला पोर्ते, जिला पंचायत अध्यक्ष चंदमणि पैकरा सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।

उरांव समाज को बड़ी सौगात, गनोद में 50 लाख रुपये से बनेगा सामुदायिक भवन

रायपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि करम परब हमारी समृद्ध जनजातीय संस्कृति, गौरवशाली परंपराओं और पूर्वजों की अमूल्य धरोहर है। इसका संरक्षण और संवर्धन हम सभी का नैतिक दायित्व है। प्रकृति के प्रति आस्था, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक परंपराओं का प्रतीक यह पर्व नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का सशक्त माध्यम है।

मुख्यमंत्री बुधवार को राजधानी रायपुर स्थित अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम परिसर में उरांव (सरना) आदिवासी विकास संघ की ओर से आयोजित करम पूजा परब 2026 में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने करम राजा की विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। उन्होंने भारत माता के तैलचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ भी किया।

गनोद में बनेगा सामुदायिक भवन

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री साय ने रायपुर जिले के गनोद गांव में उरांव समाज के लिए 50 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक भवन बनाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि भवन बनने से समाज को सामाजिक, सांस्कृतिक और सामुदायिक गतिविधियों के आयोजन के लिए बेहतर सुविधा मिलेगी। इससे समाज के लोगों को एक मंच पर आकर अपनी परंपराओं और सांस्कृतिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने में भी मदद मिलेगी। 

प्रकृति से सामंजस्य का संदेश देता है करम परब

मुख्यमंत्री ने कहा कि करम परब प्रकृति के प्रति प्रेम, आस्था और सम्मान की भावना को दर्शाता है। हमारे पूर्वजों ने प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाकर जीवन जीने की जो परंपरा विकसित की, उसमें आज भी समाज के लिए महत्वपूर्ण संदेश निहित हैं। यह पर्व प्रकृति संरक्षण, सामूहिकता और सामाजिक एकता के मूल्यों से जोड़ता है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की पहचान उसकी समृद्ध जनजातीय संस्कृति, लोकपर्वों और प्रकृति से गहरे जुड़ाव से है। प्रदेश के विभिन्न जनजातीय समाजों ने अपनी विशिष्ट परंपराओं को पीढ़ी-दर-पीढ़ी सहेजकर रखा है। करम परब भी इसी सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो परिवार और समाज की सुख-समृद्धि की कामना के साथ आपसी प्रेम, भाईचारे और सद्भाव की प्रेरणा देता है।

सांस्कृतिक पहचान बनाए रखना जरूरी

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि संस्कृति और परंपराएं केवल उत्सव मनाने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि इनमें पूर्वजों का ज्ञान, जीवन मूल्य और समाज को एकजुट रखने की भावना समाहित है। आधुनिकता के साथ आगे बढ़ते हुए अपनी सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखना भी जरूरी है।

उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी अपनी भाषा, लोकगीतों, लोकनृत्यों और पारंपरिक पर्वों से जुड़ी रहेगी, तभी सांस्कृतिक विरासत आगे बढ़ेगी। करम परब जैसे आयोजन समाज के लोगों को एक मंच पर लाते हैं और वरिष्ठजनों से परंपराओं तथा रीति-रिवाजों को जानने-समझने का अवसर देते हैं।

उरांव समाज के प्रयासों की सराहना

मुख्यमंत्री ने उरांव समाज की ओर से सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि समाज की सक्रिय भागीदारी से ही सांस्कृतिक विरासत को आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखा जा सकता है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की विविध जनजातीय परंपराएं प्रदेश की सांस्कृतिक समृद्धि का महत्वपूर्ण आधार हैं। इनमें प्रकृति के प्रति सम्मान, परस्पर सहयोग और सामाजिक समरसता का संदेश मिलता है। अपनी संस्कृति पर गर्व करने के साथ उसका संरक्षण करना सभी की जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री ने करम पूजा परब की शुभकामनाएं देते हुए कामना की कि यह पर्व सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और खुशहाली लाए तथा समाज में प्रेम, एकता और भाईचारे की भावना और मजबूत हो।

कार्यक्रम में अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के पदाधिकारी, समाज प्रमुख बिन्देश्वर भगत, उरांव (सरना) आदिवासी विकास संघ के पदाधिकारी, समाज के वरिष्ठजन, सदस्य और बड़ी संख्या में परिवारजन उपस्थित रहे।

रायपुर से दिल्ली जाना है? जानिए पूजा स्पेशल ट्रेन की तारीख और टाइमिंग

बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  दीपावली और छठ पूजा के दौरान ट्रेनों में बढ़ने वाली यात्रियों की भीड़ को देखते हुए दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने दुर्ग और हजरत निजामुद्दीन के बीच पूजा स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला किया है। ट्रेन दोनों दिशाओं में तीन-तीन फेरे लगाएगी। इससे छत्तीसगढ़ से दिल्ली और रास्ते के प्रमुख स्टेशनों तक जाने वाले यात्रियों को अतिरिक्त रेल सुविधा मिलेगी।

रेलवे के अनुसार, गाड़ी संख्या 08751 दुर्ग-निजामुद्दीन पूजा स्पेशल दुर्ग से 1, 8 और 15 नवंबर 2026 को प्रत्येक रविवार रवाना होगी। वापसी में गाड़ी संख्या 08752 निजामुद्दीन-दुर्ग पूजा स्पेशल निजामुद्दीन से 2, 9 और 16 नवंबर को प्रत्येक सोमवार चलेगी।

छत्तीसगढ़ के इन स्टेशनों पर होगा ठहराव

इस ट्रेन का वाणिज्यिक ठहराव दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के अंतर्गत रायपुर, उसलापुर, पेंड्रारोड, अनूपपुर, शहडोल और उमरिया स्टेशनों पर रहेगा। इसके अलावा ट्रेन कटनी मुड़वारा, दमोह, सागर, वीरांगना लक्ष्मीबाई झांसी, आगरा कैंट और मथुरा होते हुए निजामुद्दीन पहुंचेगी।

दुर्ग से निजामुद्दीन जाने वाली ट्रेन का टाइम टेबल

गाड़ी संख्या 08751 दुर्ग से सुबह 10:45 बजे रवाना होगी और अगले दिन सुबह 11:10 बजे निजामुद्दीन पहुंचेगी।

स्टेशनआगमनप्रस्थान
दुर्ग—10:45
रायपुर11:2011:25
उसलापुर13:2013:30
पेंड्रारोड14:5514:57
अनूपपुर15:4015:45
शहडोल16:2016:22
उमरिया17:1417:16
कटनी मुड़वारा19:4019:50
दमोह20:5020:52
सागर22:0022:05
वीरांगना लक्ष्मीबाई झांसीअगले दिन 03:2503:35
आगरा कैंट07:1007:15
मथुरा08:5509:00
हजरत निजामुद्दीन—11:10 आगमन

समय 24 घंटे के बजाय सामान्य घड़ी के प्रारूप में दिया गया है।

निजामुद्दीन से दुर्ग लौटने वाली ट्रेन की टाइमिंग

गाड़ी संख्या 08752 निजामुद्दीन से दोपहर 12:30 बजे रवाना होगी और अगले दिन दोपहर 1:45 बजे दुर्ग पहुंचेगी।

स्टेशनआगमनप्रस्थान
हजरत निजामुद्दीन—12:30
मथुरा14:1514:20
आगरा कैंट15:1015:15
वीरांगना लक्ष्मीबाई झांसी19:5019:55
सागर23:5023:55
दमोहअगले दिन 01:0001:02
कटनी मुड़वारा02:4502:55
उमरिया04:1804:20
शहडोल05:3805:40
अनूपपुर06:3006:35
पेंड्रारोड07:1507:17
उसलापुर09:4509:55
रायपुर12:1012:15
दुर्ग—13:45 आगमन

ट्रेन में होंगे 20 कोच

रेलवे के मुताबिक, पूजा स्पेशल ट्रेन में कुल 20 कोच लगाए जाएंगे। इनमें दो एसएलआरडी, चार जनरल, 11 स्लीपर, दो एसी थ्री-टियर और एक एसी सेकंड क्लास कोच शामिल हैं।

त्योहारों के दौरान अतिरिक्त यात्रियों को सुविधा देने के उद्देश्य से यह ट्रेन चलाई जा रही है। यात्रियों को यात्रा शुरू करने से पहले संचालन की तारीख, समय-सारिणी और ठहराव की जानकारी रेलवे की अधिकृत वेबसाइट, NTES या RailOne ऐप से जांचने की सलाह दी गई है।

राज्योत्सव में देशभक्ति और रोमांच का संगम, स्वदेशी ध्रुव हेलीकॉप्टर दिखाएंगे दम

रायपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में इस बार आसमान में भारतीय वायु सेना के शौर्य और उड़ान कौशल का रोमांचक नजारा देखने को मिलेगा। 2 नवंबर को नवा रायपुर अटल नगर के सेंध लेक क्षेत्र में वायु सेना की प्रतिष्ठित सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम भव्य एयर शो प्रस्तुत करेगी। सुबह 11 बजे से होने वाले प्रदर्शन में पांच स्वदेशी ‘ध्रुव’ हेलीकॉप्टर हैरतअंगेज करतब दिखाएंगे। टीम में दो महिला पायलट भी शामिल हैं।

इस आयोजन से पहले बुधवार को सारंग टीम के सदस्यों ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से रायपुर स्थित उनके निवास कार्यालय में सौजन्य मुलाकात की। टीम ने मुख्यमंत्री को स्मृति चिह्न भेंट किया। मुख्यमंत्री ने सदस्यों का स्वागत करते हुए राज्योत्सव में उनकी भागीदारी को प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताया।

युवाओं को मिलेगी राष्ट्रसेवा की प्रेरणा

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि भारतीय वायु सेना की सारंग टीम अपने साहस, अनुशासन, समर्पण और उत्कृष्ट पेशेवर दक्षता के लिए जानी जाती है। टीम का हवाई प्रदर्शन इन विशेषताओं को करीब से देखने का अवसर देगा। राज्योत्सव में होने वाला यह एयर शो युवाओं और विद्यार्थियों के लिए यादगार अनुभव होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पायलटों का सटीक उड़ान कौशल, कठिन करतब और आपसी समन्वय उनके कठोर प्रशिक्षण और टीम भावना को दर्शाता है। यह प्रदर्शन युवाओं को बड़े सपने देखने, चुनौतियों का सामना करने और दृढ़ संकल्प के साथ लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रेरित करेगा।

उन्होंने विश्वास जताया कि एयर शो से युवाओं में भारतीय वायु सेना और अन्य सशस्त्र बलों में शामिल होकर देशसेवा करने की भावना मजबूत होगी।

पांच हेलीकॉप्टर दिखाएंगे हैरतअंगेज करतब

सारंग टीम का नेतृत्व ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार करेंगे। टीम के पांच हेलीकॉप्टर हवा में विभिन्न आकर्षक संरचनाएं बनाएंगे और समन्वित उड़ानों के जरिए अपनी दक्षता का प्रदर्शन करेंगे। टीम की खासियत बेहद सटीक तालमेल के साथ सामूहिक उड़ान और रोमांचक हवाई करतब प्रस्तुत करना है।

सारंग टीम स्वदेशी उन्नत हल्के हेलीकॉप्टर ‘ध्रुव’ के जरिए प्रदर्शन करती है। इन हेलीकॉप्टरों के माध्यम से भारत की विमानन तकनीक, नवाचार और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की क्षमता भी प्रदर्शित होगी।

टीम के हेलीकॉप्टरों का रंग संयोजन राष्ट्रीय पक्षी मोर से प्रेरित है। आसमान में एक साथ उड़ते इन हेलीकॉप्टरों की संरचनाएं दर्शकों के लिए खास आकर्षण रहेंगी।

दो महिला पायलट भी होंगी शामिल

सारंग टीम में स्क्वाड्रन लीडर अंकिता और स्क्वाड्रन लीडर अक्षया भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने दोनों महिला पायलटों की भागीदारी पर प्रसन्नता जताते हुए कहा कि रक्षा और विमानन जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी नए भारत की तस्वीर प्रस्तुत करती है।

उन्होंने कहा कि महिला पायलटों का साहस और आत्मविश्वास छत्तीसगढ़ की बेटियों को विमानन और रक्षा सेवाओं में करियर बनाने के लिए प्रेरित करेगा। उनकी उपलब्धियां बताती हैं कि दृढ़ इच्छाशक्ति, मेहनत और अवसरों के जरिए बेटियां हर ऊंचाई हासिल कर सकती हैं।

युवाओं को दिया मेहनत और अनुशासन का संदेश

ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार ने छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में शामिल होने का अवसर मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सारंग टीम का उद्देश्य रोमांचक हवाई प्रदर्शन के साथ युवाओं को साहस, आत्मविश्वास, अनुशासन और राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित करना भी है।

उन्होंने युवाओं को संदेश दिया कि सपनों को साकार करने के लिए दृढ़ संकल्प और निरंतर परिश्रम जरूरी है। टीम के प्रदर्शन में पायलटों का आपसी विश्वास, एकाग्रता और उच्चस्तरीय तकनीकी दक्षता महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्योत्सव छत्तीसगढ़ की उपलब्धियों, सांस्कृतिक विरासत और उज्ज्वल भविष्य के संकल्प का अवसर है। सारंग टीम का प्रदर्शन समारोह को विशेष राष्ट्रीय गौरव से जोड़ेगा और प्रदेशवासियों में भारतीय वायु सेना के प्रति सम्मान की भावना को मजबूत करेगा।

कांग्रेस भवन में ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के तहत BLA की बैठक

बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़  /  ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के तहत बिलासपुर के कांग्रेस भवन में बूथ लेवल एजेंट (BLA) की आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक में AICC प्रभारी विजय जांगिड़, AICC ऑब्जर्वर नवज्योति पटनायक, बिलासपुर विधानसभा प्रभारी शैलेश नितिन त्रिवेदी और जिला ग्रामीण प्रभारी सीमा वर्मा शामिल हुए।

बैठक में अभियान से जुड़े विषयों और BLA की भूमिका पर चर्चा की गई। इस दौरान कांग्रेस नेता विजय पांडेय ने भी बैठक में भाग लिया और उपस्थित लोगों को संबोधित किया। कार्यक्रम में जिला ग्रामीण और शहर कांग्रेस अध्यक्षों के साथ विधायक, पूर्व विधायक, पूर्व महापौर, पूर्व जिला शहर अध्यक्ष, पूर्व जिला अध्यक्ष और विभिन्न ब्लॉक अध्यक्षों सहित वरिष्ठ कांग्रेसजन उपस्थित रहे।

कांग्रेस की इस बैठक को ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के तहत संगठनात्मक गतिविधियों और BLA की भूमिका पर चर्चा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

सूने मकान का ताला तोड़कर 2 लाख के जेवर-बर्तन चोरी, पुलिस ने 5 आरोपी और एक नाबालिग को पकड़ा

बिलासपुर: TODAY छत्तीसगढ़  / सरकंडा थाना क्षेत्र की मोपका चौकी अंतर्गत ग्राम बिजौर में सूने मकान से सोने-चांदी के जेवर, बर्तन और हाथ घड़ी चोरी होने के मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों और एक अपचारी बालक को पकड़ा है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की निशानदेही पर करीब 2 लाख रुपये कीमत का चोरी गया सामान बरामद कर जब्त किया गया है। मामले में चोरी करने के साथ चोरी का सामान खरीदने वालों की भूमिका भी सामने आई है।

परिवार के बाहर जाने पर मकान में चोरी

पुलिस के मुताबिक, ग्राम बिजौर निवासी नीरज सूर्या ने 25 अक्टूबर 2026 को मोपका चौकी में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि वह 21 अक्टूबर को परिवार के साथ चकरभाठा गए थे। 25 अक्टूबर को वापस लौटे तो घर के कमरे का सामान बिखरा मिला।

जांच करने पर अलमारी और लॉकर टूटे हुए मिले। घर से सोने-चांदी के जेवर, बर्तन, हाथ घड़ी और अन्य सामान गायब था। शिकायत के आधार पर अपराध क्रमांक 1553/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4), 305(1), 317 और 3(5) के तहत जांच शुरू की गई।

मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई, माल बरामद

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में मोपका चौकी और सरकंडा थाना पुलिस ने चोरी गए सामान की तलाश शुरू की। पुलिस के अनुसार, मुखबिर से मिली जानकारी और आरोपियों की निशानदेही पर पांच वयस्क आरोपियों तथा एक अपचारी बालक तक पहुंचा गया।

पुलिस ने उनके पास से चोरी गए सोने-चांदी के जेवर, बर्तन, हाथ घड़ी सहित करीब 2 लाख रुपये का सामान बरामद कर जब्त किया है।

ये आरोपी पकड़े गए

पुलिस द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, पकड़े गए वयस्क आरोपियों के नाम हैं:

  1. अयान खान (21 वर्ष) — निवासी बुधवारी बाजार, शक्ति; हाल मुकाम ग्राम बिजौर।

  2. दिव्यांश लश्कर (19 वर्ष) — निवासी ग्राम बिजौर।

  3. नेतराम साहू (24 वर्ष) — निवासी बेहतराई, अटल चौक, सरकंडा।

  4. राजा सोनी (30 वर्ष) — निवासी शांतिनगर, तिफरा, थाना सिरगिट्टी।

  5. समीर बघेल (27 वर्ष) — निवासी बुधवारी बाजार, शक्ति; हाल मुकाम ग्राम बिजौर।

इसके अलावा एक अपचारी बालक को भी पकड़ा गया है। पुलिस के मुताबिक, सभी को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।

तूफान की आशंका से बिलासपुर में अलर्ट, कंट्रोल रूम 24 घंटे रहेंगे सक्रिय

बिलासपुर / TODAY छत्तीसगढ़  /  28 और 29 अक्टूबर को संभावित तूफान तथा 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका को देखते हुए बिलासपुर जिला प्रशासन अलर्ट हो गया है। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने सभी विभागों को राहत और बचाव की तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिए हैं। जिला और तहसील स्तर के कंट्रोल रूम चौबीसों घंटे सक्रिय रहेंगे। अस्पतालों, बिजली-पेयजल व्यवस्था और आपदा मोचन दल को भी तैयार रहने को कहा गया है।

कंट्रोल रूम 24 घंटे रहेंगे सक्रिय

कलेक्टर ने समय-सीमा की बैठक में संभावित मौसम की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावित हो सकने वाले क्षेत्रों की पहचान करने और जरूरत पड़ने पर लोगों तक तत्काल सहायता पहुंचाने की व्यवस्था पहले से करने को कहा।

निर्देश दिए गए हैं कि जिला और तहसील स्तर के कंट्रोल रूम लगातार सक्रिय रहें। मौसम या किसी आपात स्थिति से जुड़ी हर सूचना को रजिस्टर में दर्ज कर तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाया जाए। नगरीय निकायों को जेसीबी और अन्य जरूरी संसाधन तैयार रखने तथा जलभराव वाले इलाकों पर विशेष निगरानी रखने को कहा गया है।

सुरक्षित आश्रय स्थल तैयार करने के निर्देश

संभावित रूप से प्रभावित परिवारों को सुरक्षित ठहराने के लिए आश्रय स्थलों का चिन्हांकन करने के निर्देश दिए गए हैं। इन जगहों पर साफ-सफाई और जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने को कहा गया है। तेज हवाओं से नुकसान रोकने के लिए जोखिमपूर्ण पेड़ों और झुकी हुई डालियों की छंटाई कराने के साथ कमजोर आधार वाले होर्डिंग हटाने के निर्देश भी दिए गए हैं। विद्युत विभाग को कमजोर बिजली खंभों और संवेदनशील बिजली लाइनों की जांच करने तथा अस्पतालों और पेयजल आपूर्ति से जुड़ी विद्युत व्यवस्था सुचारु रखने को कहा गया है।

रस्सा पार्टी, बोट और बचाव उपकरण तैयार रखने के निर्देश

कलेक्टर ने होमगार्ड और आपदा मोचन दल को राहत-बचाव कार्यों के लिए तैयार रहने को कहा है। रस्सा पार्टी, बोट, इमरजेंसी लाइट सहित सभी उपकरणों की जांच कर उन्हें चालू हालत में रखने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत पड़ने पर मदद के लिए स्थानीय कुशल तैराकों को भी चिन्हित कर तैयार रखने को कहा गया है।

जिले के सभी थानों को अलर्ट रहने और एसडीएम को विकासखंड स्तर पर संबंधित अधिकारियों की बैठक लेकर जिम्मेदारियां तय करने तथा आपसी समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

गर्भवती महिलाओं को पहले अस्पताल में भर्ती कराने की तैयारी

स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अस्पतालों में डॉक्टरों और कर्मचारियों की उपलब्धता सुनिश्चित होनी चाहिए। आपात स्थिति में चिकित्सा कर्मियों की अनुपलब्धता नहीं होनी चाहिए। जिन गर्भवती महिलाओं की प्रसव की संभावित तारीख 28 या 29 अक्टूबर है, उन्हें एक दिन पहले ही अस्पताल में भर्ती कराने की व्यवस्था करने को कहा गया है। इसका उद्देश्य खराब मौसम के दौरान अस्पताल पहुंचने में होने वाली संभावित परेशानी से बचाना है।

मुनादी से लोगों को किया जाएगा सतर्क

प्रशासन गांवों और शहरों में मुनादी तथा माइक के माध्यम से लोगों को संभावित खराब मौसम और जरूरी सावधानियों की जानकारी देगा। कलेक्टर ने इन दिनों जलाशयों में घूमने आने वाले लोगों का प्रवेश बंद रखने के निर्देश भी दिए हैं।

बैठक में नगर निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे, जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, अपर कलेक्टर वीरेंद्र बहादुर पंचभाई सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

© all rights reserved TODAY छत्तीसगढ़ 2018
todaychhattisgarhtcg@gmail.com
TODAY छत्तीसगढ़
लाइव मार्केट & सराफा