जांजगीर। TODAY छत्तीसगढ़ / छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के करही गांव में पिछले महीने हुए चर्चित गोलीकांड मामले में पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ़्तार किया है। पुलिस का कहना है कि हत्या के पीछे आर्थिक विवाद, आपसी रंजिश और कारोबारी प्रतिस्पर्धा की वजह सामने आई है।
पुलिस के मुताबिक 23 और 24 अप्रैल की दरम्यानी रात तीन नकाबपोश लोग गांव में रहने वाले आयुष कश्यप के घर में घुसे थे। आरोप है कि उन्होंने आयुष कश्यप पर कई राउंड फायरिंग की, जिससे उनकी मौके पर मौत हो गई। घटना में बीच-बचाव करने पहुंचे उनके छोटे भाई को भी गोली लगी थी, जिनका इलाज कराया गया।
जांजगीर-चांपा पुलिस ने इस मामले की जांच के लिए “ऑपरेशन हंट” नाम से विशेष अभियान चलाया था। पुलिस ने अब दावा किया है कि जांच के दौरान तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हेमंत कुमार बघेल (23 वर्ष), भूषण बघेल (23 वर्ष), और अमित टंडन (28 वर्ष) निवासी करही के रूप में की गयी। पुलिस ने कहा है कि आरोपियों के पास से एक पिस्टल, मैगजीन, एक अतिरिक्त खाली मैगजीन और घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
मामले की जांच के दौरान पुलिस टीमों ने गुजरात, तमिलनाडु, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, दिल्ली और जम्मू-कश्मीर समेत सात राज्यों में दबिश दी। पुलिस के अनुसार जांच में 200 से अधिक सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल की गई और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचा गया।
घटना के बाद तत्कालीन प्रभारी पुलिस अधीक्षक निवेदिता पाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कश्यप और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची थी। वहीं बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग ने भी गांव पहुंचकर जांच की समीक्षा की थी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


