बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़ / दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने भारतीय रेल की स्वदेशी ट्रेन सुरक्षा प्रणाली 'कवच' का SIL-4 स्तर का ट्रायल सफलतापूर्वक पूरा होने की जानकारी दी है। आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह परीक्षण 23 जुलाई को नागपुर रेल मंडल के कलमना–सालवा (25 किलोमीटर) रेलखंड पर किया गया।
प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, शाम 3 बजे से 5:30 बजे तक चले इस परीक्षण में सिग्नल पहचान, स्वचालित ब्रेकिंग (ऑटोमैटिक ब्रेकिंग), स्वचालित गति नियंत्रण (ऑटोमैटिक स्पीड कंट्रोल) तथा आपातकालीन SOS प्रणाली का परीक्षण किया गया, जिसे सफल और संतोषजनक बताया गया।
रेलवे के अनुसार, सामान्य स्थिति में लाल सिग्नल मिलने पर लोको पायलट ट्रेन रोकता है। यदि किसी कारणवश वह समय पर ब्रेक नहीं लगा पाता, तो 'कवच' प्रणाली स्वतः सिग्नल की पहचान कर ट्रेन में ब्रेक लगा देती है, जिससे सिग्नल पास्ड एट डेंजर (SPAD) जैसी घटनाओं की संभावना कम होती है।
प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि स्वचालित गति नियंत्रण प्रणाली का भी परीक्षण किया गया, जिसके तहत निर्धारित गति सीमा से अधिक रफ्तार होने पर 'कवच' स्वतः हस्तक्षेप कर ट्रेन की गति नियंत्रित करता है।
रेलवे के अनुसार, SOS (आपातकालीन अलर्ट) सुविधा का भी स्टेशन और लोको दोनों स्तरों से परीक्षण किया गया। इस प्रणाली के जरिए आपात स्थिति की सूचना निकटवर्ती स्टेशनों और आसपास चल रही ट्रेनों तक तुरंत पहुंचाई जा सकती है, जिससे आवश्यकता पड़ने पर स्वचालित ब्रेकिंग जैसी सुरक्षा प्रक्रिया शुरू हो सके।
इस परीक्षण के दौरान रेलवे के सिग्नल एवं दूरसंचार विभाग के अधिकारी, लोको पायलट, सहायक लोको पायलट और अन्य तकनीकी अधिकारी मौजूद रहे।

