TODAY छत्तीसगढ़ / रायगढ़ ज़िले में पुलिस ने एक व्यक्ति को अपनी पत्नी पर कथित तौर पर डंडे से जानलेवा हमला करने के आरोप में गिरफ़्तार किया है.
पुलिस के मुताबिक़, अभियुक्त ने शराब पीने के लिए पैसे न मिलने पर इस वारदात को अंजाम दिया. गंभीर रूप से घायल महिला पेशे से एक आंगनबाड़ी सहायिका है और उसे बेहतर इलाज के लिए रायगढ़ के मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है.
घरघोड़ा थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, इस मामले की शिकायत 21 जून 2026 को घायल महिला (सत्यवती राठिया) के चचेरे भाई पवन राठिया ने दर्ज़ कराई थी.
शिकायत में बताया गया था कि 30 वर्षीय सत्यवती ग्राम देवगढ़ में आंगनबाड़ी सहायिका का काम करती है, जबकि उसका 32 वर्षीय पति इंद्रजीत राठिया राजमिस्त्री है. परिजनों के मुताबिक़, अभियुक्त अक्सर शराब पीकर पत्नी के साथ मारपीट और विवाद करता था, जिसे लेकर उसे कई बार समझाया भी गया था.
पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार, 21 जून की दोपहर क़रीब 1 बजे अभियुक्त इंद्रजीत घर पहुंचा और पत्नी से शराब पीने के लिए पैसों की मांग करने लगा.
आरोप है कि जब पत्नी ने पैसे देने से इनकार कर दिया, तो अभियुक्त ने गाली-गलौज शुरू कर दी और जान से मारने की धमकी दी. शिकायत के मुताबिक़, ग़ुस्से में आकर अभियुक्त ने घर में रखे एक बांस के डंडे से पत्नी के सिर और दोनों हाथों पर जानलेवा हमला कर दिया. महिला को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे पहले घरघोड़ा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और बाद में मेडिकल कॉलेज (रायगढ़) रेफर कर दिया गया.
पुलिस ने अभियुक्त इंद्रजीत राठिया के ख़िलाफ़ नए आपराधिक क़ानून 'भारतीय न्याय संहिता' (BNS) की धारा 119(1), 296, 351(3) और 109(2) के तहत हत्या के प्रयास और मारपीट का मामला दर्ज़ किया.
घटना के 24 घंटे के भीतर ही पुलिस टीम ने ग्राम देवगढ़ से अभियुक्त को हिरासत में ले लिया. पुलिस का कहना है कि पूछताछ में अभियुक्त ने अपना जुर्म क़बूल कर लिया है और उसकी निशानदेही पर हमले में इस्तेमाल किया गया बांस का डंडा भी ज़ब्त कर लिया गया है. क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद अभियुक्त को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है.
