बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़ / सड़क सुरक्षा को लेकर बिलासपुर पुलिस ने अभियान तेज कर दिया है। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर सख्त कार्रवाई के साथ अब डिजिटल तकनीक का भी व्यापक उपयोग किया जा रहा है। इसी कड़ी में चेतना भवन पुलिस लाइन में ब्रीथ एनालाइजर (एल्कोमीटर) के उपयोग को लेकर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) रामगोपाल करियारे के पर्यवेक्षण में आयोजित हुआ। इसमें जिले के सभी थाना, चौकी एवं पुलिस सहायता केंद्र के प्रभारी सहित अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण में अधिकारियों को बताया गया कि किस प्रकार एल्कोमीटर के माध्यम से वाहन चालकों के स्वांस में अल्कोहल की मात्रा मापकर डिजिटल डाटा तैयार किया जाता है और उसके आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाती है। विशेषज्ञों ने यह भी जानकारी दी कि आधुनिक उपकरणों के माध्यम से अब बिना फूंक के केवल गंध के आधार पर भी शराब की पहचान संभव होगी।
आईटीएमएस, एम-पोर्टल, पीओएस मशीन और सिटीजन पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन चालानी कार्रवाई को और प्रभावी बनाने पर भी प्रशिक्षण दिया गया। शहर में नो पार्किंग में वाहन खड़े करने वालों के खिलाफ भी सख्ती बढ़ाई जाएगी। इसके लिए यातायात पुलिस ने बड़ी संख्या में व्हील लॉक की व्यवस्था की है।
कार्यक्रम में औद्योगिक प्रतिष्ठानों के प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित कर उन्हें अपने संस्थानों में ब्रीथ एनालाइजर मशीन लगाने की सलाह दी गई, ताकि नशे में वाहन चलाने की घटनाओं पर नियंत्रण पाया जा सके। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मधुलिका सिंह सहित अन्य अधिकारी, एनटीपीसी, एसईसीएल एवं ट्रांसपोर्टर एसोसिएशन के सदस्य उपस्थित रहे।

