TODAY छत्तीसगढ़ / छत्तीसगढ़ के बिलासपुर ज़िले में पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के आरोप में एक पुरुष और दो महिलाओं को गिरफ़्तार किया है. पुलिस के मुताबिक़, इनके पास से 12.405 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया है, जिसकी अनुमानित क़ीमत सवा छह लाख (6.25 लाख) रुपये बताई जा रही है.
तीनों अभियुक्तों को उसलापुर रेलवे स्टेशन के पास से गिरफ़्तार कर लिया गया है. विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद अदालत के निर्देश पर तीनों को न्यायिक हिरासत (रिमांड) में जेल भेज दिया गया है.
ट्रॉली बैग में छिपाया था गांजा
बिलासपुर पुलिस से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, शुक्रवार (26 जून 2026) को पुलिस को मुखबिर के ज़रिए सूचना मिली थी कि तीन संदिग्ध लोग मादक पदार्थ लेकर बिलासपुर स्टेशन से उसलापुर स्टेशन की ओर जा रहे हैं.
घेराबंदी और ज़ब्ती: इस सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने उसलापुर रेलवे स्टेशन स्थित लोको पायलट प्रशिक्षण केंद्र के पास घेराबंदी की. यहाँ पुलिस ने एक आसमानी रंग के ट्रॉली बैग के साथ तीनों संदिग्धों को रोका.
बरामदगी: बैग की तलाशी लेने पर उसमें से ख़ाकी रंग के प्लास्टिक टेप में लिपटे गांजे के 11 पैकेट बरामद हुए, जिनका कुल वज़न 12.405 किलोग्राम था. पुलिस ने अभियुक्तों के पास से चार मोबाइल फ़ोन भी ज़ब्त किए हैं.
शक से बचने के लिए किया बच्चे का इस्तेमाल
पुलिस के मुताबिक़, गिरफ़्तार किए गए तीनों लोग आपस में परिचित हैं और तस्करी के दौरान किसी को उन पर शक न हो, इसलिए उन्होंने अपने साथ 4-5 साल के एक बच्चे को भी रखा हुआ था.
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गिरफ़्तार किए गए अभियुक्तों की पहचान इस प्रकार है:
प्रकाश नायक उर्फ़ पप्पू (41 वर्ष), निवासी- कोक्स कॉलोनी, झारसुगुड़ा, ओडिशा.
नेहा सिंह (34 वर्ष), निवासी- कोक्स कॉलोनी, झारसुगुड़ा, ओडिशा (प्रकाश नायक की पत्नी).
अर्चना सिंह (27 वर्ष), निवासी- बजरंगीपारा, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़.
पुलिस ने तीनों अभियुक्तों के ख़िलाफ़ 'स्वापक औषधि और मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम' (NDPS Act) की धारा 20(B) के तहत आपराधिक मामला दर्ज़ किया है.
