रायगढ़/घरघोड़ा / TODAY छत्तीसगढ़ । पति की जीवन भर की गाढ़ी कमाई और करोड़ों की संपत्ति हड़पने के एक बड़े षड्यंत्र का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इस मामले में पत्नी ही मास्टरमाइंड निकली, जिसने अपने पिता और भाई के साथ मिलकर इस पूरी साजिश को अंजाम दिया। घरघोड़ा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पत्नी और उसके भाई (साले) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है, जबकि ससुर की तलाश जारी है।
घरघोड़ा के छाल रोड स्थित वार्ड क्रमांक 5 निवासी व्यवसायी पिंगल कुमार बघेल (41) ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। पिंगल फेब्रिकेशन, सेंट्रिंग और मीडिया से जुड़े कार्य करते हैं। वर्ष 2008 में उनका विवाह सीमा यादव (अब सीमा बघेल) से हुआ था। व्यवसाय अच्छा चलने पर पिंगल अपनी दिन भर की कमाई पत्नी सीमा को सुरक्षित रखने के लिए सौंप देते थे। इसी दौरान उनके ससुर भरतलाल यादव और साले कृष्ण कुमार यादव का उनके घर आना-जाना बढ़ गया।
CCTV से खुला राज, बेरोजगार साले के खाते में मिले 22 लाख
वर्ष 2014 में व्यवसायी को संदेह हुआ कि आमदनी के हिसाब से घर में नकदी नहीं बच रही है। सच्चाई जानने के लिए उन्होंने घर में सीसीटीवी कैमरे लगवा दिए। फुटेज खंगालने पर उनके होश उड़ गए। उन्होंने देखा कि पत्नी सीमा अलमारी से रुपये निकालकर चुपके से अपने भाई कृष्ण कुमार को दे रही है। पुलिस जांच में जब कृष्ण कुमार के बैंक खातों की जांच की गई, तो पता चला कि बेरोजगार होने के बावजूद उसके खाते में करीब 22 लाख रुपये के ट्रांजेक्शन हुए हैं।
मुआवजे के लालच में जबरन नाम कराई जमीन
साजिश यहीं नहीं रुकी। वर्ष 2022 में पिंगल बघेल ने तमनार क्षेत्र में अधिग्रहण योग्य भूमि खरीदने की योजना बनाई, जिस पर भविष्य में करोड़ों रुपये का मुआवजा और नौकरी मिलने की संभावना थी। इसका पता चलते ही ससुर, साले और पत्नी ने दबाव बनाकर करीब 13 लाख 50 हजार रुपये की उस जमीन की रजिस्ट्री सीमा बघेल के नाम पर करवा ली। इसके बाद अन्य संपत्तियों को हथियाने के लिए व्यवसायी को लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा।
एसडीओपी की जांच के बाद हुई गिरफ्तारी
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी शशि मोहन सिंह ने धरमजयगढ़ एसडीओपी सिद्धांत तिवारी को जांच सौंपी। जांच में चोरी, धोखाधड़ी और गबन के आरोप सही पाए गए। इसके बाद 3 जून 2026 को घरघोड़ा थाने में तीनों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 61(2), 49, 318(4), 303(2), 316(2) और 3(5) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। थाना प्रभारी कुमार गौरव साहू के नेतृत्व में 4 जून को आरोपी पत्नी सीमा बघेल और साले कृष्ण कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया गया।
आर्थिक अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा: एसएसपी
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा, "धोखाधड़ी, गबन और आपराधिक षड्यंत्र जैसे अपराधों में शामिल किसी भी व्यक्ति को कानून से बचने का मौका नहीं दिया जाएगा। पीड़ितों को न्याय दिलाना और ऐसे आर्थिक अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।"
