बिलासपुर। TODAY छत्तीसगढ़ / छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए पुलिसिंग का नया मॉडल लागू किया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने एक बड़े प्रशासनिक फेरबदल के तहत 33 पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादले किए हैं।
इस बदलाव की सबसे खास बात यह है कि जिले में पहली बार CSP और SDOP कार्यालयों में निरीक्षकों (इंस्पेक्टर) की पदस्थापना की गई है, जिसे पुलिस व्यवस्था में बड़ा प्रयोग माना जा रहा है। जारी आदेश के अनुसार CSP कोतवाली, सिविल लाइन और SDOP कोटा कार्यालय में इंस्पेक्टर तैनात किए गए हैं। इनकी जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था पर निगरानी और थाना प्रभारियों के साथ समन्वय की होगी। माना जा रहा है कि इससे फाइलों का तेजी से निपटारा होगा, आदेशों का पालन तेज होगा और थाना स्तर का कार्यभार कम होगा।
इस फेरबदल के बीच ख़बरें ये भी हैं कि विवादित टीआई को हटाकर उन्हें लूप लाइन पोस्टिंग दी गयी है। जारी नई पदस्थापना आदेश में चकरभाठा टीआई उमेश साहू को अजाक थाना और तोरवा टीआई अभय बैस को CSP कार्यालय सरकंडा में पदस्थ किया गया है। इसे प्रशासनिक सख्ती के तौर पर देखा जा रहा है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने थाना प्रभारियों के प्रभार में भी बड़े बदलाव किये हैं। नई व्यवस्था के तहत दामोदर मिश्रा को हिर्री थाना प्रभारी, रविशंकर तिवारी एयरपोर्ट सुरक्षा, रजनीश सिंह तोरवा थाना प्रभारी, कृष्णचंद्र सिदार मस्तूरी थाना प्रभारी, भावेश शेंडे चकरभाठा थाना, तोपसिंह नवरंग बिल्हा थाना प्रभारी और राजश्री कोशले को कोनी थाना प्रभारी का जिम्मा सौंपा गया है।
नई व्यवस्था के तहत पुलिस पेट्रोल पंप का संचालन अब सब-इंस्पेक्टर को सौंपा गया है।ओंकारधर दीवान को इसका प्रभारी बनाया गया है। उनकी जगह ओमप्रकाश कुर्रे को मोपका चौकी का प्रभारी दिया गया। इसी तरह आदेश में अन्य तबादले भी शामिल हैं।
